Delhi Fire Incident: दिल्ली के शाहदरा इलाके के विवेक विहार में रविवार सुबह एक चार मंजिला इमारत में अचानक भीषण आग लग गई। आग सुबह करीब 3:45 बजे लगी और बहुत तेजी से पूरी बिल्डिंग की चारों मंजिलों में फैल गई। इस हादसे में 9 लोगों की मौत हो गई, जबकि 10 से 15 लोगों को रेस्क्यू कर सुरक्षित बाहर निकाला गया। इनमें से दो लोग घायल हो गए हैं।
दरवाजा न खुल पाने से गई कई लोगों की जान
भाजपा विधायक संजय गोयल ने बताया कि कुछ लोग आग लगने के बाद दरवाजा नहीं खोल पाए, जिससे वे बाहर नहीं निकल सके और उनकी मौत हो गई। कई शव इतनी बुरी तरह जल चुके हैं कि उनकी पहचान करना मुश्किल है और वे कंकाल जैसी स्थिति में पाए गए हैं।

Delhi Fire Incident: पुलिस ने लिए शवों के फोटो
मृतकों की हालत इतनी खराब है कि अब उनकी पहचान DNA जांच के जरिए की जाएगी। पुलिस ने शवों की तस्वीरें भी सुरक्षित रखी हैं ताकि आगे पहचान में मदद मिल सके।शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है, लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि संभवतः AC में धमाका होने के कारण आग फैली। फिलहाल जांच जारी है।
अलग-अलग फ्लोर से मिले 9 शव
शाहदरा डीसीपी राजेंद्र प्रसाद मीणा के अनुसार, आग की सूचना सुबह करीब 4 बजे मिली थी। आग 5 से 6 फ्लैट्स तक फैल गई थी। इसमें पहले फ्लोर से 1 शव, दूसरे फ्लोर से 5 शव और 3 शव सीढ़ियों के पास से मिले, जहां दरवाजा लॉक था।

दमकल विभाग की 10 से ज्यादा गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और राहत कार्य शुरू किया गया। करीब 15 लोगों को बालकनी और खिड़कियों के जरिए बाहर निकाला गया। घायलों को गुरु तेग बहादुर अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
गाजियाबाद में भी 29 अप्रैल को हुआ बड़ा अग्निकांड
29 अप्रैल को दिल्ली से सटे गाजियाबाद में भी एक 15 मंजिला अपार्टमेंट में आग लग गई थी। यह आग गौर ग्रीन एवेन्यू सोसाइटी के टावर-डी के 9वें फ्लोर पर शुरू हुई और धीरे-धीरे 7 मंजिलों तक फैल गई। आग इतनी भीषण थी कि धुएं का गुबार 5 किलोमीटर दूर से दिखाई दे रहा था। हालांकि, वहां रहने वाले लोग समय रहते बाहर निकल गए और अपनी जान बचा ली।

एक्सप्रेस-वे पर चलती कार में लगी आग, 6 की मौत
उसी दिन राजस्थान के अलवर के पास दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर एक आर्टिगा कार में अचानक आग लग गई। इस दर्दनाक हादसे में 6 लोग जिंदा जल गए। आग इतनी भयानक थी कि 5 लोगों के शरीर पूरी तरह जलकर हड्डियों तक पिघल गए। मृतकों में मध्य प्रदेश के श्योपुर के एक ही परिवार के 5 सदस्य शामिल थे, जो वैष्णो देवी के दर्शन कर लौट रहे थे।








