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कौशांबी पटाखा फैक्ट्री मालिक का एनकाउंटर: भाग रहा था नौशाद, पुलिस ने पैर में गोली मारकर पकड़ा, ब्लास्ट में 11 की मौत

नौशाद एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार

Kaushambi Factory Blast: प्रयागराज-कौशांबी बॉर्डर पर सोमवार को अवैध पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट के मामले में पुलिस ने फैक्ट्री मालिक नौशाद को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उसे मुठभेड़ के बाद पकड़ा। बताया जा रहा है कि नौशाद शहर छोड़कर भागने की कोशिश कर रहा था।मंगलवार तड़के करीब 4 बजे सैय्यद सरावां इलाके में पुलिस और नौशाद के बीच मुठभेड़ हुई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में नौशाद के पैर में गोली लगी। इसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया।

Kaushambi Factory Blast: पुलिस की घेराबंदी पर की फायरिंग

सीओ शिवांक सिंह के मुताबिक, पुलिस ने नौशाद की घेराबंदी की थी। इसी दौरान उसने पुलिस टीम पर गोली चला दी। पुलिस ने जवाबी फायरिंग की, जिसमें नौशाद के पैर में गोली लगी।उसके पास से एक अवैध तमंचा भी बरामद किया गया है। अब पुलिस उससे पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि विस्फोट के बाद वह कहां-कहां छिपा था और किन लोगों ने उसे भागने में मदद की।

एयरफोर्स स्टेशन से 2 किमी दूर थी फैक्ट्री

प्रयागराज के मनौरी एयरफोर्स स्टेशन से करीब 2 किलोमीटर दूर एक अवैध पटाखा फैक्ट्री चल रही थी। सोमवार सुबह करीब 11:30 बजे यहां जोरदार विस्फोट हुआ।धमाका इतना तेज था कि फैक्ट्री पूरी तरह जमींदोज हो गई। आसपास के घरों को भी भारी नुकसान पहुंचा। हादसे में 8 बच्चों समेत 11 लोगों की मौत हो गई, जबकि 5 लोग अभी घायल हैं।हादसे में एक रेलकर्मी का पूरा परिवार खत्म हो गया। परिवार में सिर्फ उसकी बड़ी बेटी ही जिंदा बची।

नौशाद एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार
नौशाद एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार
नियमों को ताक पर रखकर बन रहे थे पटाखे

पुलिस के अनुसार, फैक्ट्री में नियमों की अनदेखी करते हुए पटाखों का निर्माण और उनका भंडारण किया जा रहा था। घटना के बाद छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।पुलिस अब फैक्ट्री के संचालन, पटाखों की खरीद-फरोख्त और इसमें शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।

Kaushambi Factory Blast: फैक्ट्री मालिक समेत 6 लोगों पर केस

पुलिस के मुताबिक, अवैध फैक्ट्री करीब 600 वर्गफीट में बनी एक मंजिला इमारत थी। इसके आसपास नई बस्ती भी बस रही थी।मामले में फैक्ट्री मालिक नौशाद, उसके बेटे आदिल, पत्नी कहकशा बानो, भाई शकील, भाभी शबाना और भतीजी साइना के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।पुलिस ने शबाना को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। अब नौशाद की गिरफ्तारी के बाद उससे भी पूछताछ की जाएगी। पुलिस यह जानने की कोशिश करेगी कि फैक्ट्री कैसे चलती थी, पटाखे कहां से खरीदे और बेचे जाते थे और बाकी आरोपियों की इसमें क्या भूमिका थी।

गोदाम पर चला बुलडोजर

डीएम अमित पाल शर्मा ने कहा कि घटना के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। दोषियों की संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई भी की जाएगी।हादसे के करीब 8 घंटे बाद रात लगभग 7:30 बजे फैक्ट्री से करीब 400 मीटर दूर बनाए गए एक गोदाम को बुलडोजर से गिरा दिया गया। प्रभारी मंत्री कृष्णा पासवान भी मौके पर पहुंचीं।

Kaushambi Factory Blast: विस्फोट में 11 लोगों की मौत

कौशांबी पटाखा फैक्ट्री विस्फोट में जान गंवाने वालों की सूची इस प्रकार है:

मृतक उम्र पिता/पति का नाम पता
ज्ञान सिंह 35 वर्ष हरिमोहन सड़िया मजरा, चरवा, चायल
आदित्य 10 वर्ष गया प्रसाद ग्राम मीरपुर, थाना पिपरी, चायल
रवि 7 वर्ष गया प्रसाद ग्राम मीरपुर, थाना पिपरी, चायल
अमित 2 वर्ष गया प्रसाद ग्राम मीरपुर, थाना पिपरी, चायल
जाह्नवी 15 वर्ष गया प्रसाद ग्राम मीरपुर, थाना पिपरी, चायल
विक्रम सरोज 38 वर्ष रामपाल ग्राम पंसौर, थाना चरवा, चायल
अंश 4 वर्ष विक्रम ग्राम पंसौर, थाना चरवा, चायल
शिवांश 6 वर्ष विक्रम ग्राम पंसौर, थाना चरवा, चायल
प्रियांजलि 5 वर्ष मंजीत ग्राम पाली उपरहार, थाना कौशांबी, मंझनपुर
प्रवीण 14 वर्ष मंजीत ग्राम पाली उपरहार, थाना कौशांबी, मंझनपुर
अंजू 36 वर्ष विक्रम ग्राम पंसौर, थाना चरवा, चायल
Kaushambi Factory Blast: पीड़ित गया प्रसाद ने दर्ज कराया केस

मीरपुर गांव निवासी गया प्रसाद साहू ने फैक्ट्री मालिक और उसके परिवार के खिलाफ केस दर्ज कराया है।उनके मुताबिक, सोमवार दोपहर करीब 11 बजे पड़ोस के घर में अचानक जोरदार धमाका हुआ। वहां अवैध तरीके से पटाखों का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था।विस्फोट इतना तेज था कि आसपास के 5-6 मकान पूरी तरह ढह गए। इस हादसे में गया प्रसाद के चार बच्चों जाह्नवी, आदित्य, रवि और अमित की मौत हो गई। उनकी पत्नी अनीता साहू गंभीर रूप से घायल हैं।इसके अलावा विक्रम सरोज और उनकी पत्नी अंजू के घर में भी जनहानि हुई।गया प्रसाद ने नौशाद, शकील, शबाना, साइना, कहकशा, आदिल और परिवार के अन्य सदस्यों को हादसे के लिए जिम्मेदार बताया है। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

दो महिलाएं हिरासत में, पुलिसकर्मियों पर भी कार्रवाई

कौशांबी के पटाखा फैक्ट्री विस्फोट मामले में छह आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस ने आरोपी शकील की पत्नी शबाना और उसकी बेटी साइना को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।मामले में लापरवाही के आरोप में थाना प्रभारी पिपरी विकास सिंह, चौकी प्रभारी चायल अमित द्विवेदी और पूर्व चौकी प्रभारी चायल मनीष पाल को लाइन हाजिर कर दिया गया है।वहीं, दो बीट सिपाहियों जितेंद्र कुमार और कृष्ण कुमार को निलंबित कर दिया गया है।

Kaushambi Factory Blast: नौशाद एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार
नौशाद एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार
Kaushambi Factory Blast: दो साल से चल रही थी फैक्ट्री

प्रभारी मंत्री कृष्णा पासवान ने बताया कि पटाखा फैक्ट्री करीब दो साल से चल रही थी। उन्होंने कहा कि फैक्ट्री का लाइसेंस भी रद्द हो चुका था।उन्होंने स्पष्ट किया कि मामले की जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।शुरुआती जांच में लापरवाही के आरोपों के आधार पर थाना प्रभारी पिपरी विकास सिंह, चौकी प्रभारी चायल अमित द्विवेदी और पूर्व चौकी प्रभारी चायल मनीष पाल को लाइन हाजिर किया गया है। दो बीट सिपाही जितेंद्र कुमार और कृष्ण कुमार को भी निलंबित किया गया है।

पीएम मोदी और सीएम योगी ने जताया दुख

हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दुख जताया है।प्रधानमंत्री राहत कोष से मृतकों के परिवारों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये देने का ऐलान किया गया है।सीएम योगी ने भी मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक मदद देने की बात कही है।डीएम अमित पाल शर्मा ने दोहराया कि हादसे के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और उनकी संपत्ति कुर्क की जाएगी।

Kaushambi Factory Blast: रेलकर्मी के परिवार में सिर्फ बड़ी बेटी बची

इस हादसे में गया प्रसाद के चार बच्चों जाह्नवी, आदित्य, अमित और रवि की मौत हो गई। उनकी पत्नी अनीता, जिनकी उम्र 42 वर्ष बताई गई है, गंभीर रूप से घायल हैं।गया प्रसाद ने फैक्ट्री मालिक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराते हुए कहा कि हादसे में उनका पूरा परिवार खत्म हो गया।इसी तरह रेलकर्मी विक्रम हादसे के समय खाना खाने के लिए घर आए थे। विस्फोट में विक्रम, उनकी पत्नी अंजू और दोनों बेटे अंश और शिवांश की मौत हो गई।उनकी सबसे बड़ी बेटी संजना उस समय किराना दुकान से सामान लेने गई थी। इसी वजह से उसकी जान बच गई।

100 मीटर के दायरे में 8 मकान क्षतिग्रस्त

पुलिस के मुताबिक, विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि फैक्ट्री पूरी तरह ढह गई। करीब 100 मीटर के दायरे में बने 8 मकानों को नुकसान पहुंचा।कई घरों की दीवारों में करीब 8 फीट लंबे और चौड़े छेद हो गए। वहीं 5-6 मकान पूरी तरह गिर गए।धमाके की आवाज करीब 2 किलोमीटर दूर तक सुनाई दी। विस्फोट के कुछ ही समय बाद इलाके में धुएं का घना गुबार फैल गया।हादसे के बाद ग्रामीण झुलसे हुए लोगों को चारपाई पर रखकर ले जाते हुए नजर आए।

Kaushambi Factory Blast: रेल लाइन की OHE भी प्रभावित

विस्फोट से करीब 500 मीटर दूर प्रयागराज-कानपुर रेल मार्ग की OHE यानी ओवरहेड इलेक्ट्रिक लाइन भी प्रभावित हुई।इसके कारण कानपुर से प्रयागराज की ओर आने वाली ट्रेनों का संचालन करीब डेढ़ घंटे तक प्रभावित रहा। बाद में इंजीनियर्स ने मरम्मत का काम पूरा किया और रेल लाइन को दोबारा चालू कर दिया।हादसे ने इलाके में भारी तबाही मचा दी। एक तरफ 11 लोगों की जान चली गई, वहीं कई परिवारों ने अपने अपनों को खो दिया। अब पुलिस फैक्ट्री के संचालन से जुड़े सभी पहलुओं और आरोपियों की भूमिका की जांच कर रही है।

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