Bakrid 2026: कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने बकरीद, यूपी की कानून व्यवस्था और इंडिया गठबंधन के नेतृत्व जैसे कई मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत के दौरान कहा कि सभी त्योहारों को मिलजुलकर और सौहार्दपूर्ण माहौल में मनाया जाना चाहिए। उन्होंने देशवासियों को ईद की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सभी लोगों को एक-दूसरे की भावनाओं का सम्मान करना चाहिए और एक-दूसरे की खुशियों में शामिल होना चाहिए।
कुर्बानी को लेकर क्या बोले मसूद?
कुर्बानी को लेकर उठ रहे विवादों पर उन्होंने कहा कि मुस्लिम समाज हमेशा सरकार की गाइडलाइन का पालन करते हुए ही कुर्बानी करता है। उत्तर प्रदेश में बढ़ती हत्या और अपराध की घटनाओं को लेकर इमरान मसूद ने राज्य सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति उतनी अच्छी नहीं है, जितना सरकार दावा करती है। सरकार चाहे कितना भी प्रचार करे, लेकिन जमीनी हकीकत जनता के सामने है। उन्होंने कहा कि पुलिस का इकबाल कमजोर हुआ है, जिसका असर कानून व्यवस्था पर साफ दिखाई दे रहा है। इंडिया गठबंधन के नेतृत्व को लेकर कांग्रेस द्वारा राहुल गांधी को सबसे बड़ा नेता बताए जाने पर इमरान मसूद ने कहा कि यह केवल कांग्रेस पार्टी ही नहीं, बल्कि देश के हर वर्ग की भी सोच है। उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी ही भाजपा नीत एनडीए को चुनौती देने और सत्ता से हटाने की क्षमता रखते हैं। मसूद ने कहा कि राहुल गांधी लगातार जनता के बीच जाकर अपनी मजबूत पहचान बना रहे हैं और विपक्षी राजनीति का सबसे प्रमुख चेहरा बनकर उभरे हैं। वहीं, कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई ने भी बकरीद और राहुल गांधी के नेतृत्व को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी।
Bakrid 2026: ईद का त्योहार शांति-भाईचारे का संदेश
उन्होंने कहा कि हर त्योहार शांतिपूर्ण तरीके से मनाया जाना चाहिए और ईद का त्योहार हमेशा शांति और भाईचारे का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि बकरीद की विशेषता कुर्बानी और गरीबों में मटन बांटने की परंपरा है, जो सामाजिक सहभागिता और मदद का प्रतीक है। राहुल गांधी को इंडिया गठबंधन का प्रमुख चेहरा बताए जाने पर हुसैन दलवाई ने कहा कि इसके लिए किसी विशेष मांग या प्रचार की जरूरत नहीं है। राहुल गांधी ने देशभर में यात्राएं और जनसंपर्क अभियान चलाकर लोगों के बीच अपनी मजबूत और सकारात्मक छवि बनाई है। हुसैन दलवाई ने कहा कि राहुल गांधी का जनता के साथ सीधा जुड़ाव है और वे स्वाभाविक रूप से एक बड़े नेता के रूप में उभरे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी को अलग से यह दावा करने की आवश्यकता महसूस नहीं होती, क्योंकि जनता स्वयं राहुल गांधी को एक प्रभावशाली नेता के रूप में देख रही है।








