Delhi news: दिल्ली पुलिस की रेलवे यूनिट ने चाइल्ड ट्रैफिकिंग करने वाले एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से अगवा किए गए डेढ़ साल के मासूम बच्चे को भी सुरक्षित बरामद कर लिया है। यह बच्चा 24 मई को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के अजमेरी गेट स्थित वेटिंग हॉल से गायब हुआ था।
रेलवे स्टेशन पर मां के साथ रह रहा था बच्चा
पुलिस के मुताबिक, गाजियाबाद की रहने वाली 26 वर्षीय महिला पिछले एक साल से अपने पति से अलग रह रही थी। स्थायी ठिकाना न होने के कारण वह अपने डेढ़ साल के बेटे के साथ नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के मुख्य हॉल में रह रही थी। 24 मई की सुबह करीब 6:30 बजे जब महिला की नजर बच्चे पर नहीं पड़ी तो उसने तलाश शुरू की। काफी खोजबीन के बाद भी बच्चा नहीं मिला, जिसके बाद उसने पुलिस को सूचना दी और अपहरण का मामला दर्ज कराया गया।
Delhi news: 300 CCTV कैमरों की मदद से खुला राज
मामले की गंभीरता को देखते हुए रेलवे पुलिस ने विशेष टीम का गठन किया। जांच के दौरान पुलिस ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से लेकर गाजियाबाद के कासिम विहार तक करीब 300 CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच में सामने आया कि तीन लोग बच्चे को लेकर स्टेशन से निकले। पहले वे बैटरी रिक्शे से मोरी गेट पहुंचे, फिर ऑटो बदलकर शास्त्री पार्क गए और वहां से दूसरे ऑटो के जरिए गाजियाबाद पहुंचे।
Delhi news: हरिद्वार कनेक्शन ने बढ़ाया शक
जांच के दौरान पुलिस को हरिद्वार से भी एक अहम सूचना मिली। वहां भी इसी तरह एक बच्ची के अपहरण का मामला सामने आया था और उसमें शामिल संदिग्धों का लिंक इसी गिरोह से जुड़ा पाया गया। इसके बाद डिजिटल फोरेंसिक, CCTV ट्रैकिंग और मुखबिरों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने कई स्थानों पर एक साथ छापेमारी की और गिरोह के 8 सदस्यों को दबोच लिया।
कौन-कौन हुआ गिरफ्तार?
पुलिस के अनुसार जिया (चंडीगढ़), विशाल (गुरुग्राम) और शिवा उर्फ गौरव (हरिद्वार/बिहार) ने मिलकर नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से बच्चे का अपहरण किया था। इनका काम भीड़भाड़ वाली जगहों से बच्चों को चुराकर आगे बेचने का था। वहीं, आरती (बदायूं) और पूजा (जयपुर) आपस में बहनें हैं। पुलिस का कहना है कि पूजा ने आरती के लिए बच्चे की खरीद-फरोख्त में मदद की थी। बरामद बच्चा इन्हीं दोनों के कब्जे से मिला। इसके अलावा प्रीति शर्मा, धर्मेंद्र और अकिल इस पूरे सौदे के कथित साजिशकर्ता और मददगार बताए जा रहे हैं। पुलिस के अनुसार अकिल ने खुद को बच्चे का फर्जी पिता बताकर सौदे को आसान बनाने की कोशिश की थी।
बच्चे को सुरक्षित रखा गया
दिल्ली Police ने बच्चे को सुरक्षित बरामद कर लिया है। फिलहाल उसकी मेडिकल जांच कराई गई है और देखभाल के लिए उसे ‘मातृ छाया’ संस्था की निगरानी में रखा गया है।
जांच जारी, और खुलासे संभव
Delhi news: पुलिस ने बताया कि आरती और पूजा को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। वहीं, जिया, विशाल, शिवा, प्रीति, धर्मेंद्र और अकिल को पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि गिरोह के अन्य सदस्यों और इससे जुड़े दूसरे मामलों की भी जांच की जा रही है। आशंका है कि यह नेटवर्क कई राज्यों में सक्रिय हो सकता है।
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