Russia Drone Attack: रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध के बीच एक बार फिर चेरनोबिल परमाणु ऊर्जा संयंत्र का विशेष क्षेत्र हमले का निशाना बना है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने आरोप लगाया है कि रूस ने ड्रोन हमले के जरिए एक महत्वपूर्ण परमाणु ईंधन भंडारण सुविधा को निशाना बनाया। इस घटना के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर परमाणु सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है, हालांकि फिलहाल विकिरण स्तर सामान्य बताया गया है।
संवेदनशील परमाणु ढांचे को बनाया गया निशाना
यूक्रेन के राष्ट्रपति ने बताया कि रूसी ड्रोन ने केंद्रीय खर्च हो चुके परमाणु ईंधन भंडारण सुविधा की इमारत पर हमला किया। उनके अनुसार यह अत्यंत संवेदनशील परमाणु ढांचा है और इस पर हमला गंभीर चिंता का विषय है। यूक्रेनी अधिकारियों ने इस घटना की जानकारी अपने अंतरराष्ट्रीय सहयोगी देशों और संबंधित संस्थाओं को देना शुरू कर दिया है। जेलेंस्की ने दावा किया कि यह हमला जानबूझकर किया गया और इसका उद्देश्य महत्वपूर्ण परमाणु अवसंरचना को नुकसान पहुंचाना था।
Russia Drone Attack: आग पर पाया गया काबू, विकिरण स्तर सामान्य
हमले के बाद सुविधा परिसर में आग लग गई थी, जिसे यूक्रेन की आपातकालीन बचाव टीमों ने समय रहते बुझा दिया। राष्ट्रपति जेलेंस्की के अनुसार अब तक विकिरण का स्तर सामान्य सीमा से ऊपर नहीं पाया गया है। इसके बावजूद उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से रूस पर और अधिक दबाव बनाने तथा कड़े कदम उठाने की अपील की है। उनका कहना है कि ऐसे हमले पूरे क्षेत्र की सुरक्षा के लिए खतरा पैदा कर सकते हैं।
दोनों देशों के बीच बढ़ता सैन्य तनाव
यूक्रेन का दावा है कि पिछले एक सप्ताह में रूस ने दर्जनों मिसाइलें, हजारों ड्रोन और बड़ी संख्या में निर्देशित हवाई बम दागे हैं। दूसरी ओर रूस ने भी लेनिनग्राद क्षेत्र में 144 यूक्रेनी ड्रोन मार गिराने का दावा किया है। इसी बीच युद्ध समाप्त करने के लिए बातचीत की यूक्रेनी पहल को भी झटका लगा है, क्योंकि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने फिलहाल यूक्रेनी नेतृत्व के साथ आमने-सामने की बैठक की संभावना से इनकार कर दिया है।
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