UP News: उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं का विरोध-प्रदर्शन, छात्रों का प्रदर्शन, पेपर लीक रोकने के लिए प्रस्तावित कानून, एनटीए के 47 अधिकारियों को हटाए जाने और युवाओं से जुड़ने के बारे में आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत की टिप्पणी सहित कई अहम मुद्दों पर प्रतिक्रिया दी। अखिलेश यादव ने एक्स पर पोस्ट किया था कि पिस्तौल निकालने वाले ये भूल गये कि अगर उनकी पढ़ाई बीच में रुक जाती, तो ये पुलिस की नौकरी इनके हाथ न आती। विश्वविद्यालय हमेशा आक्रांताओं ने तोड़े हैं, और कुछ नहीं कहना है।
पुलिस का काम गुंडागर्दी को रोकना
इस पोस्ट पर मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि जब समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता गुंडागर्दी पर उतर आते हैं, तो पुलिस और क्या करे? अखिलेश यादव ने जो ट्वीट किया या कहा, उसका पूरा वीडियो देखिए। अगर समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता ऐसी हरकतें करते हैं, तो क्या पुलिस को अपना काम करना ही पड़ेगा। पुलिस का काम ऐसी गुंडागर्दी को रोकना है। राज्य में कई जगह प्रदर्शन किए जाने को लेकर ओम प्रकाश राजभर ने कहा कि यह कोई असली विरोध-प्रदर्शन नहीं है। वे (अखिलेश यादव) आने वाले चुनावों से पहले जनता को प्रभावित करने और वोट हासिल करने के लिए ऐसा कर रहे हैं। बाद में वे परीक्षा के पेपर लीक करेंगे, उन्हें बेचेंगे, परीक्षाओं में नकल करवाएंगे और सरकारी नौकरियां तक बेचेंगे।
UP News: अखिलेश ने ध्वस्तीकरण का आदेश वापस नहीं लिया
असल में यह विरोध-प्रदर्शन इसी बारे में है। अगर यह असली विरोध-प्रदर्शन होता, तो वे इसे उस तरह से क्यों पेश नहीं करते? उन्हें कौन रोक रहा है? आग लगने के बाद अलीगंज की इमारत को ढहाए जाने के आदेश पर राजभर ने कहा कि समाजवादी पार्टी सरकार के कार्यकाल में ध्वस्तीकरण का आदेश जारी कर वापस ले लिया गया था। यदि अखिलेश ने ध्वस्तीकरण का आदेश वापस नहीं लिया होता तो 15 लोगों की मौत नहीं होती। ध्वस्तीकरण का आदेश सही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देर रात जारी किए गए वीडियो पर राजभर ने कहा कि प्रधानमंत्री ने हमेशा देश के लिए, देश के हित में और इसके विकास के लिए काम किया है। चाहे युवा हों, किसान हों, बेरोजगार हों या आम लोग, उन्होंने लगातार उनके कल्याण के लिए काम किया है।
उन्होंने जो वीडियो जारी किया है, वह एक अच्छी पहल है। इसे देश की जनता को समर्पित किया गया है। पेपर लीक रोकने के लिए प्रस्तावित कानून को लेकर राजभर ने कहा, “यह साफ है कि छात्र यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि भविष्य में परीक्षा के पेपर लीक न हों, और सरकार का इरादा भी यही है। इसे हासिल करने के लिए सरकार ने एक कानून पास किया है। यह सरकार का एक सकारात्मक कदम है।” पेपर लीक मामले को लेकर एनटीए के अधिकारियों को बर्खास्त किए जाने पर मंत्री ने कहा, “जिसने गलती की होगी, उन पर कार्रवाई होगी।








