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बंगाल चुनाव के दूसरे चरण से पहले आयोग सख्त, पोलिंग स्टेशनों तक जाने वाली सड़कों पर भी सीसीटीवी निगरानी के निर्देश

पश्चिम बंगाल चुनाव

West Bengal Election: पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल को वोटिंग होनी है। इसे देखते हुए चुनाव आयोग ने सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त बनाने का फैसला किया है। खासकर संवेदनशील और अति-संवेदनशील मतदान केंद्रों तक जाने वाले रास्तों पर अब सीसीटीवी कैमरों से निगरानी रखी जाएगी।

बूथ के अंदर से बाहर तक कड़ी निगरानी

सूत्रों के अनुसार, पहले चरण में हर पोलिंग स्टेशन के अंदर दो सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे—एक मतदान कक्ष के भीतर और दूसरा बाहर। इसका उद्देश्य बूथ के अंदर किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकना था।

डराने-धमकाने की घटनाओं के बाद बड़ा फैसला

पहले चरण में पोलिंग स्टेशनों के बाहर मतदाताओं को डराने-धमकाने की कुछ शिकायतें सामने आई थीं। इसी को ध्यान में रखते हुए इस बार आयोग ने बूथ के बाहर और वहां तक जाने वाली सड़कों पर भी सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्णय लिया है, ताकि हर गतिविधि पर नजर रखी जा सके।

किसी भी पोलिंग स्टेशन के आसपास कितने कैमरे लगाए जाएंगे, यह उस क्षेत्र की संवेदनशीलता पर निर्भर करेगा। जहां जोखिम ज्यादा होगा, वहां निगरानी भी ज्यादा कड़ी होगी।

West Bengal Election: पश्चिम बंगाल चुनाव
पश्चिम बंगाल चुनाव

West Bengal Election: 100 मीटर दायरे में सख्त पाबंदी

पोलिंग स्टेशन के 100 मीटर के दायरे में केवल वही लोग जा सकेंगे जो मतदान करने आए हैं। जो लोग वोट डाल चुके हैं या जो मतदाता नहीं हैं, उन्हें वहां रुकने की अनुमति नहीं होगी।

चुनाव ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों के लिए खाना या पानी ले जाने वालों को भी जिला चुनाव अधिकारी (डीईओ) से विशेष अनुमति लेनी होगी। साथ ही, ऐसे लोगों और उनके सामान की पूरी जांच की जाएगी।

ज्यादा से ज्यादा मतदान की अपील

पश्चिम बंगाल के मुख्य चुनाव अधिकारी (सीईओ) ने लोगों से बड़ी संख्या में मतदान करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा के पूरे इंतजाम किए गए हैं और पिछली बार की तरह इस बार भी 90% से अधिक मतदान का लक्ष्य रखा गया है।

सीईओ ने साफ कहा कि मतदान में किसी भी तरह की बाधा डालने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में सभी राजनीतिक दलों को पहले ही सूचित किया जा चुका है।

बम बनाने वालों के खिलाफ विशेष अभियान

चुनाव आयोग ने केंद्रीय सुरक्षा बलों को निर्देश दिया है कि मतदान से पहले पूरे राज्य में देसी बम बनाने वालों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाए। जवानों से कहा गया है कि वे बमों को निष्क्रिय करने की प्रक्रिया तेज करें।

यह निर्देश उसी दिन जारी किया गया, जब राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने दक्षिण 24 परगना के बिजोयगंज बाजार इलाके में हुए विस्फोट मामले में मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया।

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