Lakhimpur Kheri: लखीमपुर खीरी जनपद के मुख्य स्वास्थ्य केंद्र, जिला अस्पताल ओयल (ओयल हॉस्पिटल) में प्रशासन और प्रबंधन की एक बड़ी लापरवाही सामने आई है। अस्पताल के मेन गेट के पास स्थित नाले के ऊपर लगे पत्थर टूटकर गहरे गड्ढों में तब्दील हो गए हैं। ये गड्ढे अब अस्पताल आने वाले मरीजों और उनके तीमारदारों के लिए किसी बड़े खतरे से कम नहीं हैं।
बेपरवाह प्रशासन, मुश्किल में जान
प्राप्त जानकारी के अनुसार, जिला अस्पताल के मुख्य द्वार के पास नाले को कवर करने वाले पत्थर काफी समय से क्षतिग्रस्त हैं। हालत इतनी बदतर हो गई है कि वहां बड़े और गहरे गड्ढे बन गए हैं। विडंबना यह है कि इसी रास्ते से दिन-रात गंभीर मरीजों को लेकर एंबुलेंस गुजरती हैं और सैकड़ों की संख्या में दोपहिया व चारपहिया वाहनों का आवागमन रहता है।
Lakhimpur Kheri: आज फिर हुआ हादसा: घंटों फंसी रही कार
स्थानीय लोगों और अस्पताल आने वाले तीमारदारों ने बताया कि पिछले कई दिनों से यहां लगातार छोटे-मोटे हादसे हो रहे हैं। आए दिन बाइक सवार इन गड्ढों में गिरकर चोटिल हो रहे हैं। आज भी एक कार का पहिया इस गहरे गड्ढे में बुरी तरह फंस गया। कार सवार और राहगीरों को काफी मशक्कत करनी पड़ी, जिसके बाद बड़ी मुश्किल से कार को गड्ढे से बाहर निकाला जा सका। इस दौरान अस्पताल मार्ग पर काफी समय तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
एंबुलेंस के लिए बना बड़ा खतरा
जिला अस्पताल होने के नाते यहां 24 घंटे आपातकालीन सेवाएं चलती हैं। एंबुलेंस चालक जान जोखिम में डालकर इन गड्ढों के बगल से वाहन गुजारने को मजबूर हैं। यदि किसी एंबुलेंस का पहिया इन गड्ढों में फंस जाता है, तो मरीज की जान पर बन सकती है। अस्पताल प्रशासन की इस अनदेखी पर अब जनता में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है।
मुख्य बिंदु
* लोकेशन: जिला अस्पताल ओयल का मेन गेट।
* समस्या: नाले के ऊपर लगे पत्थरों का टूटना और गहरे गड्ढों का बनना।
* खतरा: एंबुलेंस और मरीजों के वाहनों के पलटने का डर।
* मांग: टूटे पत्थरों को हटाकर तत्काल मरम्मत और स्लैब डालने की आवश्यकता।
क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है प्रबंधन?
सवाल यह उठता है कि जिस रास्ते से अस्पताल के जिम्मेदार अधिकारी और डॉक्टर रोजाना गुजरते हैं, उनकी नजर इन जानलेवा गड्ढों पर क्यों नहीं पड़ती? क्या स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन किसी बड़ी अनहोनी या जानमाल के नुकसान का इंतजार कर रहा है?
स्थानीय निवासियों और मरीजों के परिजनों ने जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) से मांग की है कि इस समस्या का तत्काल संज्ञान लिया जाए और नाले की मरम्मत कराकर उसे सुरक्षित बनाया जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे को टाला जा सके।
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