ED action India: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (PMLA) के तहत विंजो प्राइवेट लिमिटेड और उसके निदेशक पावन नंदा तथा सौम्या सिंह राठौर समेत सभी सहायक कंपनियों के खिलाफ विशेष पीएमएलए कोर्ट में चार्जशीट दायर की है। यह कार्रवाई कई एफआईआर के आधार पर बेंगलुरु, राजस्थान, नई दिल्ली और गुड़गांव में दर्ज धोखाधड़ी के मामलों के बाद की गई। ईडी ने पहले तलाशी अभियान में महत्वपूर्ण दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड जब्त किए और लगभग 690 करोड़ रुपए के बैंक बैलेंस, म्यूचुअल फंड, फिक्स्ड डिपॉजिट और क्रिप्टो वॉलेट फ्रीज किए थे।
गेम मैनिपुलेशन और उपयोगकर्ताओं को नुकसान
जांच में पता चला कि विंजो ऐप के 100 से अधिक रियल मनी गेम्स में बॉट्स और एआई का इस्तेमाल कर गेम मैनिपुलेशन किया गया। मई 2024 से अगस्त 2025 के बीच निष्क्रिय खिलाड़ियों के डेटा को असली खिलाड़ियों के खिलाफ इस्तेमाल किया गया। छोटे बोनस के जरिए जीत का भ्रम पैदा कर बड़े दांव पर हार्ड बॉट्स लगाकर उपयोगकर्ताओं को भारी नुकसान कराया गया। इसके परिणामस्वरूप 734 करोड़ रुपए का नुकसान हुआ, जबकि बड़ी जीत की निकासी को रोक दिया गया।
ED action India: अवैध कमाई और विदेश लेनदेन
जांच में यह भी सामने आया कि कंपनी ने 2021-22 से 2025-26 तक लगभग 3,522 करोड़ रुपए की अवैध कमाई की। इस धनराशि का एक बड़ा हिस्सा यूएसए और सिंगापुर की शेल कंपनियों के माध्यम से विदेश भेजा गया। 230 करोड़ रुपए अन्य सहायक कंपनी में ‘लोन्स फ्रॉम होल्डिंग कंपनी’ के नाम पर डाइवर्ट किए गए। ईडी ने आरोपियों पर जानबूझकर अपराध से अर्जित संपत्ति छुपाने और कमाने का आरोप लगाया है, जिसके तहत पीएमएलए की धारा 3, 70 और 4 के तहत मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज किया गया है।







