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असमय बारिश से प्रभावित गेहूं पर सरकार की बड़ी राहत, शिथिल मानकों से होगी खरीद

CM Yogi
Lucknow: Uttar Pradesh Chief Minister Yogi Adityanath addresses a press conference on the Women Reservation Bill at the BJP office in Lucknow on Sunday, April 19, 2026. (Photo: IANS)

CM Yogi: असमय हुई बारिश से प्रभावित गेहूं की फसल को लेकर प्रदेश सरकार ने किसानों को बड़ी राहत दी है। रबी विपणन सत्र 2026-27 के तहत अब गेहूं की खरीद शिथिल मानकों के आधार पर की जाएगी, जिससे खराब मौसम के कारण गुणवत्ता प्रभावित होने के बावजूद किसानों को उचित मूल्य मिल सके। इस फैसले का उद्देश्य किसानों को आर्थिक नुकसान से बचाना और उन्हें मजबूरी में फसल को कम दाम पर बेचने से रोकना है।

लस्टर लॉस और दानों की सीमा में बढ़ोतरी

सरकार के नए निर्णय के अनुसार, लस्टर लॉस यानी गेहूं की चमक में कमी की स्वीकार्य सीमा को बढ़ाकर 70 प्रतिशत तक कर दिया गया है। इसके अलावा, सिकुड़े और टूटे दानों की सीमा, जो पहले 6 प्रतिशत थी, अब बढ़ाकर 20 प्रतिशत कर दी गई है। इन बदलावों से उन किसानों को सीधा फायदा होगा, जिनकी फसल बारिश के कारण प्रभावित हुई है और पहले के मानकों पर खरीदी के योग्य नहीं रह गई थी।

CM Yogi: अलग भंडारण और उपयोग की व्यवस्था

शिथिल मानकों के तहत खरीदे गए गेहूं को सामान्य गेहूं से अलग रखा जाएगा। इसके लिए अलग भंडारण और लेखा-जोखा किया जाएगा, ताकि गुणवत्ता नियंत्रण बना रहे। सरकार ने यह भी तय किया है कि इस तरह के गेहूं का उपयोग केवल प्रदेश के भीतर ही किया जाएगा, जिससे वितरण और गुणवत्ता प्रबंधन बेहतर तरीके से हो सके।

गुणवत्ता और भंडारण की जिम्मेदारी

सरकार ने स्पष्ट किया है कि शिथिल मानकों के तहत खरीदे गए गेहूं की गुणवत्ता में यदि भंडारण के दौरान किसी प्रकार की गिरावट आती है, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी। साथ ही, ऐसे स्टॉक को प्राथमिकता के आधार पर जल्द निस्तारित किया जाएगा, ताकि नुकसान की संभावना कम हो सके। यह निर्णय प्रदेश के लाखों किसानों के लिए राहत लेकर आया है, जो हाल ही में हुई बारिश से प्रभावित हुए हैं। सरकार का यह कदम न केवल किसानों की आय की सुरक्षा सुनिश्चित करेगा, बल्कि कृषि क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।