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PM मोदी के काफिले की पूरी कहानी, कौन सी गाड़ी क्या काम करती है?

PM Modi Convoy: पश्चिम एशिया के गहराते संकट और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बड़ी मिसाल पेश की है. देशवासियों से तेल बचाने की अपील करने के बाद उन्होंने खुद के सुरक्षा काफिले में गाड़ियों की संख्या को आधा करने का निर्देश दिया है. यह कदम न केवल फिजूलखर्ची रोकने वाला है, बल्कि वीवीआईपी कल्चर पर एक कड़ा प्रहार भी है. अब प्रधानमंत्री के साथ-साथ कई केंद्रीय मंत्री और राज्यों के मुख्यमंत्री भी अपने कारकेड को छोटा करने की तैयारी में हैं. लेकिन इसी क्रम में पहले यह जान लेते हैं कि उनके काफिले में कौन-कौन सी गाड़ियां चलती हैं और हर गाड़ी का क्या रोल है.

SPG की देखरेख में सुरक्षा व्यवस्था

प्रधानमंत्री की सुरक्षा की जिम्मेदारी विशेष सुरक्षा समूह के पास होती है। यह संगठन गृह मंत्रालय की ‘ब्लू बुक’ के अनुसार पीएम के कारकेड को तैयार करता है। इसमें खतरे के स्तर और यात्रा स्थल के आधार पर वाहनों की संख्या तय की जाती है।

PM Modi Convoy: कितने वाहन होते हैं काफिले में

सामान्य परिस्थितियों में प्रधानमंत्री के काफिले में लगभग 18 मुख्य वाहन और 6–8 अतिरिक्त वाहन शामिल होते हैं। इनमें पायलट कार, एस्कॉर्ट वाहन, जैमर गाड़ी और एंबुलेंस जैसी महत्वपूर्ण इकाइयाँ होती हैं, जो सुरक्षा घेरा मजबूत बनाती हैं।

सुरक्षा का अत्याधुनिक तंत्र

पीएम के काफिले में बुलेटप्रूफ वाहन, जैमर गाड़ियां और विशेष सुरक्षा वाहन शामिल रहते हैं। इनका उद्देश्य किसी भी संभावित खतरे को रोकना और इलेक्ट्रॉनिक सिग्नल्स को निष्क्रिय करना होता है, ताकि रिमोट-आधारित हमलों से सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

PM Modi Convoy: डमी गाड़ियों की रणनीति

सुरक्षा कारणों से काफिले में एक जैसी दिखने वाली कई गाड़ियां शामिल की जाती हैं, ताकि यह पता न चल सके कि प्रधानमंत्री किस वाहन में हैं। यह रणनीति संभावित हमलों को भ्रमित करने के लिए अपनाई जाती है।

PM Modi Convoy: संसद दौरे पर छोटा कारकेड

जब प्रधानमंत्री संसद भवन जाते हैं, तो उनके काफिले का स्वरूप काफी छोटा होता है. चूंकि संसद परिसर खुद में एक उच्च सुरक्षा वाला क्षेत्र है, इसलिए वहां भारी-भरकम गाड़ियों के लश्कर की आवश्यकता नहीं होती है. हालांकि, छोटा काफिला होने के बावजूद सुरक्षा मानकों से कोई समझौता नहीं किया जाता है. जैमर और अनिवार्य सुरक्षा वाहन तब भी साथ होते हैं, ताकि सुरक्षा घेरा हर पल मजबूत बना रहे.

PM Modi Convoy: आपातकालीन व्यवस्था

काफिले के साथ हमेशा एक विशेष एंबुलेंस भी रहती है, जिसमें अत्याधुनिक जीवन रक्षक उपकरण मौजूद होते हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत चिकित्सा सहायता दी जा सके।

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