Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश में मौसम ने ऐसा रौद्र रूप दिखाया कि पूरे प्रदेश में तबाही मच गई। तेज आंधी, मूसलाधार बारिश और आकाशीय बिजली ने एक ही दिन में 89 लोगों की जान ले ली। कई जिलों में पेड़ उखड़ गए, मकान क्षतिग्रस्त हो गए और खेतों में खड़ी फसलें बर्बाद हो गईं। इस भीषण आपदा के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए अधिकारियों को 24 घंटे के भीतर हर पीड़ित परिवार तक राहत और मुआवजा पहुंचाने का आदेश दिया है।
एक दिन में 89 मौतें, पूरे प्रदेश में हड़कंप
बुधवार को अचानक बदले मौसम ने उत्तर प्रदेश के कई जिलों में भारी तबाही मचाई। तेज हवाओं के साथ हुई बारिश और बिजली गिरने की घटनाओं में 89 लोगों की मौत हो गई। इस हादसे ने प्रशासन से लेकर सरकार तक को अलर्ट मोड पर ला दिया है।मृतकों के परिजनों में शोक की लहर है, जबकि कई परिवारों की रोजी-रोटी का सहारा भी इस प्राकृतिक आपदा में खत्म हो गया।घटना की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी जिलाधिकारी तत्काल प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचें और राहत कार्यों की निगरानी करें।
मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि मृतकों के परिवारों को 24 घंटे के भीतर आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाए। साथ ही घायलों के समुचित इलाज की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
Uttar Pradesh:पीड़ितों के साथ सरकार पूरी मजबूती से खड़ी है
मुख्यमंत्री ने शोक व्यक्त करते हुए कहा कि मृतकों के परिवारों के प्रति उनकी गहरी संवेदनाएं हैं। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे प्रभावित परिवारों से मिलें, उनकी समस्याएं सुनें और हर संभव मदद पहुंचाएं।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि आपदा से प्रभावित किसी भी परिवार को अकेला नहीं छोड़ा जाएगा।
Uttar Pradesh:लापरवाही पर जीरो टॉलरेंस
सीएम योगी ने अधिकारियों को दो टूक चेतावनी दी कि राहत कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं।
राजस्व विभाग, कृषि विभाग और बीमा कंपनियों को भी नुकसान का तत्काल आकलन कर रिपोर्ट देने को कहा गया है।तेज बारिश और आंधी ने किसानों की मेहनत पर भी पानी फेर दिया। कई जिलों में गेहूं और अन्य फसलें बर्बाद हो गईं। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया है कि फसल नुकसान का सर्वे कराकर किसानों को जल्द से जल्द राहत दी जाए।
प्रशासन को मौके पर पहुंचने का आदेश
मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों और वरिष्ठ अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में जाकर राहत कार्यों की निगरानी करने और जरूरतमंदों तक हर संभव सहायता पहुंचाने के निर्देश दिए हैं।
सरकार का संदेश राहत में देरी नहीं होगीराज्य सरकार ने साफ कर दिया है कि पीड़ित परिवारों को राहत और मुआवजा देने में कोई देरी नहीं होगी। प्रशासनिक मशीनरी को पूरी ताकत के साथ राहत कार्यों में लगाया गया है।उत्तर प्रदेश में मौसम के इस महाकहर ने कई परिवारों को गहरे दर्द में डाल दिया है। अब सबकी निगाहें इस बात पर हैं कि राहत और मुआवजे का सरकारी दावा कितनी तेजी से जमीन पर उतरता है।








