Bihar news: बिहार विधान परिषद में सत्तारूढ़ दल के नेताओं की नई टीम का गठन कर दिया गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अनुशंसा पर राज्यपाल की ओर से नई नियुक्तियों को मंजूरी दी गई है। इस फैसले के बाद परिषद में कई नेताओं को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
इन नेताओं को मिली बड़ी जिम्मेदारी
जारी आदेश के मुताबिक ललन कुमार सर्राफ और प्रो. राजेंद्र प्रसाद गुप्ता को विधान परिषद में उप नेता बनाया गया है। वहीं, संजय सिंह को मुख्य सचेतक की जिम्मेदारी दी गई है। जनक राम को उप मुख्य सचेतक बनाया गया है। इसके अलावा नीरज कुमार और रीना देवी को भी सचेतक नियुक्त किया गया है। नई टीम के गठन के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
Bihar news: मंत्री स्तर की मिलेगी सुविधा
राज्यपाल सचिवालय की तरफ से जारी आदेश में साफ कहा गया है कि उप नेता और मुख्य सचेतक को मंत्री स्तर की सुविधाएं दी जाएंगी। वहीं उप मुख्य सचेतक और सचेतकों को राज्य मंत्री का दर्जा मिलेगा। इसके तहत उन्हें सरकारी सुविधाएं और प्रोटोकॉल भी उपलब्ध कराए जाएंगे।
Bihar news: बिहार विधान परिषद क्या है?
बिहार विधान परिषद राज्य विधानमंडल का उच्च सदन है। विधानसभा की तरह यह भंग नहीं होती, बल्कि एक स्थायी सदन के रूप में काम करती है। परिषद में कुल 75 सदस्य होते हैं, जिनमें 63 सदस्य निर्वाचित और 12 सदस्य राज्यपाल द्वारा मनोनीत किए जाते हैं। परिषद के एक-तिहाई सदस्य हर दो साल में रिटायर होते हैं और उनकी जगह नए सदस्य चुने जाते हैं। हर सदस्य का कार्यकाल 6 साल का होता है। विधान परिषद का सदस्य बनने के लिए न्यूनतम आयु 30 वर्ष तय की गई है।
कैसे चुने जाते हैं विधान परिषद सदस्य?
Bihar news: बिहार विधान परिषद में सदस्यों का चुनाव अलग-अलग वर्गों के जरिए होता है। 27 सदस्य विधानसभा के विधायक चुनते हैं, 24 सदस्य स्थानीय निकायों से चुने जाते हैं, 6 सदस्य शिक्षकों द्वारा चुने जाते हैं, 6 सदस्य पंजीकृत स्नातकों द्वारा चुने जाते हैं, 12 सदस्यों को राज्यपाल मनोनीत करते हैं, फिलहाल भाजपा नेता अवधेश नारायण सिंह बिहार विधान परिषद के सभापति हैं।
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