New Delhi: ऑल इंडिया इमाम एसोसिएशन के अध्यक्ष मौलाना साजिद रशीदी ने गाजियाबाद एनकाउंटर को लेकर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा, “जिस दिन से यह एनकाउंटर हुआ है, हम यही कह रहे हैं कि यह एक पक्षपातपूर्ण एनकाउंटर था।
मौलाना ने उठाए सवाल
मौलाना ने कहा कि सवाल यह है कि एक लोकतांत्रिक देश में एक लोकतांत्रिक व्यवस्था होती है और उस व्यवस्था की यह मांग है कि किसी भी आरोपी व्यक्ति को पहले पकड़ा जाए, उससे पूछताछ की जाए, और उसे उचित कानूनी प्रक्रिया से गुजारा जाए। एक एफआईआर दर्ज की जाती है, एक केस फाइल किया जाता है, और फिर मामला अदालत में ले जाया जाता है। यह अदालत ही तय करती है कि क्या सजा दी जानी चाहिए?”
मौलाना ने कहा कि पक्षपाती फैसले पर सवाल है। धर्म देखकर एनकाउंटर कर दिया गया। उसके घर पर नोटिस भी लगा दिया गया। अब पता चला कि उसके घर का कुछ हिस्सा अवैध निर्माण है। ऐसे कई सवाल हो सकते हैं। सरकार को इस पर भी गौर करना चाहिए और इसकी भी विवेचना करनी चाहिए।
मुख्यमंत्री के बयान पर क्या बोले?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयान पर साजिद रशीदी ने कहा कि जो कहा गया है, उसका इरादा शायद अच्छा हो, लेकिन जैसा कि कहावत है, दवा अक्सर कड़वी होती है। यही संदेश इस तरह भी दिया जा सकता था कि हिंदू और मुसलमान दोनों ही अपने बच्चों में अच्छे संस्कार डालें, ताकि वे गलत कामों में शामिल न हों या कोई गलत कदम न उठाएं।
रशीदी ने कहा कि मुखिया को कोई भी पक्षपाती बात नहीं करनी चाहिए। राजनीतिक पक्षपाती जो बयान आते हैं, उस पर सवाल उठना तो लाजमी है।
गाय को मां नहीं मानते
गाय को लेकर साजिद रशीदी ने कहा कि जहां तक आपके विश्वास की बात है, अगर आप गाय को अपनी मां मानते हैं, तो आप ऐसा करने के लिए स्वतंत्र हैं। हालांकि, हमारी आस्था में इसे मां नहीं माना जाता है।








