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मानसून में महिलाओं में बढ़ सकता है UTI का खतरा, ये 5 गलत आदतें बन सकती हैं संक्रमण की वजह

Monsoon UTI:

Monsoon UTI: मानसून के मौसम में नमी और बैक्टीरिया तेजी से बढ़ते हैं, जिससे यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन (UTI) का खतरा बढ़ जाता है। यह संक्रमण पुरुषों की तुलना में महिलाओं में अधिक देखा जाता है। समय पर इलाज न मिलने पर संक्रमण किडनी तक पहुंच सकता है।

Monsoon UTI: पीरियड्स में गीले पैड का इस्तेमाल बढ़ा सकता है संक्रमण-

नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. राजशेखर चक्रवर्ती मदारासु के अनुसार, लंबे समय तक गीले सैनिटरी पैड, टैम्पोन या मेंस्ट्रुअल कप का इस्तेमाल करने से बैक्टीरिया तेजी से पनपते हैं। इसलिए पीरियड्स के दौरान हर 4 से 5 घंटे में पैड बदलना जरूरी है।

Monsoon UTI: प्राइवेट पार्ट की सफाई में लापरवाही पड़ सकती है भारी-

अगर योनि की साफ-सफाई का सही तरीके से ध्यान नहीं रखा जाए या हार्श केमिकल वाले प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल किया जाए, तो पीएच बैलेंस बिगड़ सकता है। इससे बैक्टीरिया और फंगस बढ़ने लगते हैं और UTI का खतरा बढ़ जाता है।

वजाइना को लंबे समय तक गीला रखना भी है जोखिम-

मानसून में पसीना और नमी ज्यादा होने के कारण अगर अंडरगारमेंट्स समय पर नहीं बदले जाते या गीले कपड़े पहने जाते हैं, तो संक्रमण की संभावना बढ़ जाती है। कॉटन अंडरगारमेंट्स पहनना और शरीर को सूखा रखना जरूरी है।

मेंस्ट्रुअल कप का गलत इस्तेमाल बन सकता है संक्रमण की वजह-

अगर मेंस्ट्रुअल कप को साफ हाथों से न लगाया जाए या सही तरीके से साफ न किया जाए, तो वजाइनल इंफेक्शन हो सकता है। यह संक्रमण आगे चलकर UTI का कारण भी बन सकता है।

प्रेग्नेंसी में यूरिन रोकने की आदत से बढ़ सकता है खतरा-

गर्भावस्था के दौरान बार-बार पेशाब आना सामान्य है, लेकिन लंबे समय तक यूरिन रोकना या गंदे वॉशरूम का इस्तेमाल करना UTI का खतरा बढ़ा सकता है।

UTI के शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज न करें-

अगर पेशाब करते समय जलन, बार-बार यूरिन आने की इच्छा, यूरिन में खून, बुखार, पेट या पीठ के निचले हिस्से में दर्द और उल्टी या मतली जैसे लक्षण दिखाई दें, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

किन महिलाओं को UTI का खतरा सबसे ज्यादा रहता है-

विशेषज्ञों के अनुसार गर्भवती महिलाओं, डायबिटीज की मरीजों, कमजोर इम्यूनिटी वाली महिलाओं, पीरियड्स के दौरान हाइजीन का ध्यान न रखने वाली महिलाओं और मेनोपॉज के दौर से गुजर रही महिलाओं में UTI का खतरा अधिक होता है।

मानसून में UTI से बचने के लिए क्या करें-

पर्याप्त पानी पिएं, समय पर पैड बदलें, रोजाना स्नान करें, गीले कपड़े न पहनें, यूरिन को लंबे समय तक न रोकें, साफ वॉशरूम का इस्तेमाल करें और पर्सनल हाइजीन का विशेष ध्यान रखें

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