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ट्रंप और नेतन्याहू से बदला लेना चाहती है ईरान की जनता, खामनेई की अंतिम यात्रा में लगे मुर्दाबाद के नारे

Tehran: ट्रंप और नेतन्याहू से बदला लेना चाहती है ईरान की जनता, खामनेई की अंतिम यात्रा में लगे मुर्दाबाद के नारे
Tehran: ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की अंतिम यात्रा में उमड़े विशाल जन सैलाब को देखते हुए अमेरिका और इजरायल दोनों देशों को अब यह बात अच्छी तरह समझ आ गई होगी कि ईरान की जनता अपने सर्वोच्च धार्मिक नेता को कितना प्रेम करती है। इन दोनों देशों को लगा था कि खामनेई की मौत के साथ ही ईरान की जनता सड़कों पर आ जाएगी और वहां तख्ता पलट हो जाएगा, लेकिन अब अमेरिका और इजरायल का भ्रम टूट जाना चाहिए। ईरान की जनता मजबूती से युद्ध में डटी रही, इसके साथ ही अपने नेता की अंतिम यात्रा में वहां की जनता ने आक्रोश व्यक्त किया कि बदला लेकर रहेंगे। 

बदले की भवना का खुला प्रदर्शन

ईरान की जनता के आक्रोश का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि आयातुल्ला अली खामेनेई की अंतिम विदाई के वक्त हुई प्रार्थना के दौरान ‘अमेरिका मुर्दाबाद’, ‘इजरायल मुर्दाबाद’ और ‘ट्रंप और बीबी को मार डालो’ के नारे लगे। गौरतलब है कि इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को ‘बीबी’ भी कहा जाता है।अंतिम विदाई कार्यक्रम में शामिल लाखों लोगों के हाथों में ईरान के झंडे, खामेनेई की तस्वीरें और लाल झंडे लहरा रहे थे, जो शिया परंपरा में अन्याय के खिलाफ ‘बदले’ के प्रतीक होते हैं।

Tehran: राष्ट्रगान के साथ शुरू हुई अंतिम यात्रा

दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की अंतिम यात्रा सोमवार सुबह तेहरान के इमाम हुसैन स्क्वायर से शुरू हुई। यात्रा की शुरुआत ईरान का राष्ट्रगान बजाकर की गई।खामेनेई के ताबूत को तेहरान के प्रमुख मार्गों से ले जाया जाएगा। इस दौरान वरिष्ठ सरकारी अधिकारी, धार्मिक नेता और सेना के शीर्ष अधिकारी भी मौजूद रहे।

ईरान की समाचार एजेंसी तसनीम और सरकारी प्रसारक प्रेस टीवी के मुताबिक, यह ईरान के आधुनिक इतिहास का सबसे बड़ा सार्वजनिक जमावड़ा है।

Tehran: आंखों के आंसू किसी आदेश से नहीं

इससे पहले ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने कहा कि खामेनेई की अंतिम यात्रा विदाई नहीं, बल्कि उनके रास्ते पर चलने का संकल्प है। उन्होंने कहा, “मैं इसे विदाई नहीं मानता। यह उनके मिशन और विचारों को आगे बढ़ाने का वादा है।”

राष्ट्रपति ने कहा कि अंतिम संस्कार में उमड़ी लाखों लोगों की भीड़ और लोगों की आंखों के आंसू किसी आदेश से नहीं आ सकते। “लोगों का व्यवहार किसी भी भाषण से ज्यादा असरदार होता है और पूरी दुनिया इसे समझती है।”

Tehran: न्याय लेकर रहने की प्रतिज्ञा

इस बीच ईरानी सेना प्रमुख मेजर जनरल अमीर हातमी ने ‘न्याय की तलाश कभी न छोड़ने’ की प्रतिज्ञा की है।
प्रेस टीवी के अनुसार हातमी ने कहा, “जिन लोगों ने यह अपराध किया है, उन्हें यह जान लेना चाहिए कि ईरान की जनता और हम सभी न्याय की अपनी मांग और उसकी प्राप्ति के प्रयास को कभी नहीं छोड़ेंगे। यह हमारा दृढ़ संकल्प है कि जब तक हमें न्याय नहीं मिल जाता, तब तक हम इस प्रयास को लगातार जारी रखेंगे।”

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