Ipl 2026: ओडिशा के पुरी शहर से अवैध सट्टेबाजी से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। पुलिस ने आईपीएल मैचों के दौरान चल रहे एक सट्टेबाजी रैकेट का पर्दाफाश करते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई में लाखों रुपये की नकदी बरामद की गई है, जबकि बैंक खातों में जमा बड़ी रकम को भी फ्रीज कर दिया गया है।
गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई
पुलिस को मंगलवार शाम सूचना मिली थी कि मसानीचंडी मंदिर के पास कुछ लोग आईपीएल मैचों पर सट्टा लगा रहे हैं। सूचना मिलते ही साइबर पुलिस और विशेष टीम ने मौके पर छापा मारा। पुलिस को देखते ही कुछ आरोपी भाग निकले, लेकिन चार लोगों को मौके पर ही पकड़ लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रसन्न प्रुस्टी, बी नागेश्वर राव, बिश्वनाथ लेंका और रमाकांत साहू के रूप में हुई है। सभी पुरी जिले के अलग-अलग इलाकों के निवासी हैं।
Ipl 2026: ऑनलाइन ऐप के जरिए चल रहा था खेल
पूछताछ और मोबाइल जांच में सामने आया कि आरोपी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए आईपीएल मैचों पर सट्टा लगा रहे थे। छापेमारी के दौरान पुलिस ने 6 मोबाइल फोन और करीब 3.04 लाख रुपये नकद बरामद किए। मुख्य आरोपी प्रसन्न प्रुस्टी के घर की तलाशी में 22.31 लाख रुपये अतिरिक्त नकद मिले। पुलिस के अनुसार यह पैसा अवैध सट्टेबाजी से कमाया गया था।
Ipl 2026: बैंक खातों में जमा 31 लाख रुपये फ्रीज
जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों के बैंक खातों में जमा करीब 31 लाख रुपये की रकम भी फ्रीज कर दी है। शुरुआती जांच में पता चला है कि यह गिरोह पिछले दो साल से पुरी में सक्रिय था और लगातार ऑनलाइन सट्टेबाजी चला रहा था।
कई धाराओं में केस दर्ज
आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं, आईटी एक्ट, प्राइज चीट्स एंड मनी सर्कुलेशन स्कीम एक्ट 1978 और लॉटरी रेगुलेशन एक्ट 1998 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस का बयान
पुरी के एसपी प्रतीक सिंह के अनुसार, यह एक संगठित सट्टेबाजी नेटवर्क था जो एक एप्लीकेशन के जरिए चलाया जा रहा था। इस ऐप में कई लोगों को जोड़ा गया था, जो रोज पैसे लगाते थे। पुलिस को करीब 10 बैंक अकाउंट्स का पता चला है और अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
बढ़ता ऑनलाइन सट्टा बना चिंता
Ipl 2026: पुरी की यह घटना साफ दिखाती है कि ऑनलाइन सट्टेबाजी तेजी से फैल रही है। आसान कमाई के लालच में लोग गैरकानूनी रास्ता अपना रहे हैं। हालांकि पुलिस की इस कार्रवाई से यह संदेश जरूर गया है कि ऐसे मामलों में सख्ती से निपटा जाएगा और पूरे नेटवर्क को खत्म करने की कोशिश जारी है।
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