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MP को सेमीकंडक्टर हब बनाने में जुटी मोहन यादव सरकार, निवेशकों पर नजर

Mp Government

Mp Government: मध्य प्रदेश को सेमीकंडक्टर और हाईटेक उद्योगों का प्रमुख केंद्र बनाने के लिए मोहन यादव सरकार ने निवेश आकर्षित करने की कोशिश तेज कर दी है। इंदौर में आयोजित दो दिवसीय मध्य प्रदेश सेमीकंडक्टर समिट-2026 में देश-विदेश की कंपनियों, निवेशकों और तकनीकी विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया। सरकार का फोकस सेमीकंडक्टर निर्माण, चिप डिजाइन, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग और तकनीकी कौशल को बढ़ावा देने पर है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के मुताबिक, समिट के दौरान 5,800 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव मिले हैं।

सेमीकंडक्टर उद्योग पर सरकार का फोकस

मुख्यमंत्री मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार सेमीकंडक्टर क्षेत्र में निवेश बढ़ाने की दिशा में काम कर रही है। इसके तहत उद्योगों के लिए तकनीकी अधोसंरचना विकसित करने, नवाचार को प्रोत्साहित करने और कुशल मानव संसाधन तैयार करने पर जोर दिया जा रहा है। सरकार की कोशिश है कि मध्य प्रदेश को भविष्य की तकनीक से जुड़े उद्योगों के लिए उपयुक्त केंद्र बनाया जाए।

Mp Government: 5,800 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव

इंदौर में आयोजित समिट के दौरान मुख्यमंत्री ने 5,800 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव मिलने की जानकारी दी। उनके अनुसार, इन प्रस्तावों से 10 हजार से अधिक युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना है। हालांकि, ये निवेश प्रस्ताव हैं और इन्हें वास्तविक परियोजनाओं में बदलने के लिए आगे की प्रक्रिया पूरी करनी होगी।

चिप डिजाइन से लेकर इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण तक तैयारी

समिट में सेमीकंडक्टर निर्माण, चिप डिजाइन, एडवांस्ड पैकेजिंग, टेस्टिंग, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, अनुसंधान और नवाचार जैसे विषयों पर चर्चा हुई। आयोजन में 8 पैनल चर्चाएं, 5 राउंडटेबल बैठकें और 2 मुख्य व्याख्यान निर्धारित किए गए। इसके अलावा 50 से अधिक कंपनियों ने अपनी तकनीकी क्षमताओं और समाधानों का प्रदर्शन किया।

Mp Government: इंदौर-उज्जैन कॉरिडोर में हाईटेक उद्योगों को प्राथमिकता

राज्य सरकार इंदौर-उज्जैन इकोनॉमिक कॉरिडोर में सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, चिप डिजाइन और एडवांस्ड पैकेजिंग जैसे उद्योगों को प्राथमिकता देने की योजना पर काम कर रही है। इसके साथ ही प्रदेश में सेमीकंडक्टर सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और फोटोनिक्स एवं क्वांटम टेक्नोलॉजीज सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करने की भी घोषणा की गई है।

निवेश प्रस्तावों को परियोजनाओं में बदलने की चुनौती

समिट में मिले निवेश प्रस्तावों को जमीन पर उतारना सरकार के लिए अगला महत्वपूर्ण चरण होगा। इसके लिए निवेशकों के साथ आगे की चर्चा, तकनीकी सहयोग और उद्योगों के अनुकूल सुविधाओं का विकास जरूरी होगा। मुख्यमंत्री ने निवेशकों को आगामी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2027 में शामिल होने के लिए भी आमंत्रित किया है। सरकार का लक्ष्य सेमीकंडक्टर और उभरती तकनीकों के क्षेत्र में मध्य प्रदेश की औद्योगिक क्षमता का विस्तार करना है।

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