Police Raid: मधुबनी जिले के खजौली थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध और नकली शराब बनाने वाले एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने कसमा मरार गांव में एक नवनिर्मित मकान पर छापेमारी कर नकली शराब तैयार करने और उसकी पैकेजिंग में इस्तेमाल होने वाली भारी मात्रा में सामग्री बरामद की। कार्रवाई के दौरान पुलिस के हाथ 1080 खाली कांच की बोतलें, करीब 72 लीटर होम्योपैथिक दवाएं, विभिन्न ब्रांडों के रैपर, ढक्कन, स्टिकर और कई तरह के रसायन व उपकरण लगे। हालांकि, पुलिस के पहुंचने से पहले मुख्य आरोपी और उसके सहयोगी मौके से फरार हो गए। अब पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।
गुप्त सूचना पर पुलिस ने की छापेमारी
पुलिस को सूचना मिली थी कि कसमा मरार गांव के एक सुनसान और नवनिर्मित मकान में अवैध रूप से नकली शराब तैयार की जा रही है। सूचना की पुष्टि के बाद खजौली थाना पुलिस ने विशेष टीम गठित की और तत्काल कार्रवाई करते हुए मकान पर छापा मारा। पुलिस की अचानक कार्रवाई से इलाके में हड़कंप मच गया। तलाशी के दौरान मकान के अंदर नकली शराब बनाने का पूरा सेटअप मिलने से पुलिस भी हैरान रह गई।
Police Raid: 1080 खाली बोतलें और 72 लीटर दवाएं बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने करीब 1080 खाली कांच की बोतलें बरामद कीं। इसके अलावा विभिन्न ब्रांड की लगभग 72 लीटर होम्योपैथिक दवाएं भी मिलीं। पुलिस के अनुसार, इनका इस्तेमाल अन्य रसायनों के साथ मिलाकर नकली शराब तैयार करने में किया जाता था। मौके से बोतलों की पैकेजिंग के लिए रैपर, ढक्कन और स्टिकर के साथ कई प्रकार के रसायन और उपकरण भी जब्त किए गए।

नामी ब्रांड के नाम पर होता था फर्जीवाड़ा
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरोह सस्ती होम्योपैथिक दवाओं और रसायनों की मदद से नकली शराब तैयार करता था। इसके बाद महंगी और लोकप्रिय शराब कंपनियों के नाम और लोगो वाले रैपर, ढक्कन व स्टिकर लगाकर बोतलों को असली जैसा रूप दिया जाता था। पुलिस को आशंका है कि नकली शराब को बाजार में असली ब्रांड के नाम पर बेचकर लोगों के स्वास्थ्य के साथ गंभीर खिलवाड़ किया जा रहा था।
Police Raid: मुख्य आरोपी समेत कई लोग फरार
पुलिस की कार्रवाई की भनक लगते ही मुख्य आरोपी और उसके अन्य सहयोगी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने सभी बरामद सामग्री को जब्त कर लिया है और मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों के मुताबिक, आरोपियों की पहचान की जा रही है और उनके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और सप्लायरों की भूमिका की भी जांच कर रही है।
ये भी पढ़ें…भारत-नेपाल सीमा के पास हिंसक झड़प के बाद तनाव, एक की मौत; कई इलाकों में कर्फ्यू








