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सुवेंदु सरकार के फैसले को हुमायूं कबीर ने दी चुनौती कहा- ‘मदरसों में नहीं होने देंगे ‘वंदे मातरम’

सुवेंदु सरकार के फैसले को हुमायूं कबीर

Vande Mataram: पश्चिम बंगाल के मदरसो में ‘वंदे मातरम’ अनिवार्य किए जाने को लेकर एजेयूपी के अध्यक्ष हुमायूं कबीर की प्रतिक्रिया सामने आई है। समचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में हुमायूं कबीर ने कहा कि संविधान सभी को अपने-अपने धर्म का पालन करने की अनुमति देता है। सरकार अगर मुसलमानों पर हिंदू धर्म की संस्कृति को लागू करती है तो उसको नहीं मानना चाहिए। कोई मदरसा किसी के खिलाफ नहीं है। मदरसे में कुरान की शिक्षा दी जाती है। कुरान की हिफाजत करने की जिम्मेदारी मदरसे की है।

कुरान की हिफाजत करना हर मुसलमान का हक

हुमायूं कबीर ने कहा कि पवित्र कुरान की हिफाजत करना हर मुसलमान का हक है। मैं सरकार के निर्णय के खिलाफ मुसलमानों को इकठ्ठा करके रोकूंगा। संविधान की शपथ लेने वाले मुख्यमंत्री को ध्यान रखना चाहिए कि वे सबके मुख्यमंत्री हैं। मुसलमान किसी देवता की पूजा नहीं करता; वो कुरान को मानता है। जब मैंने मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद बनाने की बात कही, तो उसी समय बहरामपुर में राम मंदिर बनाने की बात की गई। हुमायूं कबीर ने कहा कि मैंने तो उनके खिलाफ कोई कदम नहीं उठाया। कुर्बानी के लिए गाय खरीदने वालों को बंगाल पुलिस घर-घर जाकर चेतावनी दे रही है। मैं मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी से विनती कर रहा हूं कि ऐसा नहीं होना चाहिए। उनको पुलिस को समझाना चाहिए। किसी पर ज्यादा जुल्म नहीं करना चाहिए। मैं संविधान मानकर चलूंगा; उनको भी संविधान के मुताबिक चलना चाहिए। हुमायूं कबीर ने कहा कि मेरे कौम पर जुल्म होगा तो मैं एक कदम भी पीछे नहीं हटूंगा। मैं सारे मुसलमानों को लेकर सड़क पर इस जुल्म का विरोध करूंगा। मुख्यमंत्री के खिलाफ मैं आवाज उठाऊंगा।

Vande Mataram: मदरसों में ‘वंदे मातरम’ गाना अनिवार्य 

आपको बता दें कि बंगाल में सभी मदरसों में ‘वंदे मातरम’ गाना अनिवार्य कर दिया है। यह आदेश 19 मई को जारी किया गया। सरकार के आदेश के अनुसार, यह नियम सरकारी मॉडल मदरसों, सरकारी सहायता प्राप्त और बिना सहायता प्राप्त मदरसों पर तुरंत लागू होगा। नए आदेश के बाद अब क्लास शुरू होने से पहले सुबह की प्रार्थना सभा (असेंबली) में वंदे मातरम गाना जरूरी होगा। जारी आदेश के अनुसार, यह नियम केवल सरकारी मदरसों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि सरकारी मॉडल मदरसे (इंग्लिश मीडियम), सहायता प्राप्त मदरसे, मान्यता प्राप्त गैर-सहायता प्राप्त मदरसे, मंजूर MSKS और मंजूर SSKS समेत सभी संस्थानों पर समान रूप से लागू होगा। मदरसा एजुकेशन विभाग के डायरेक्टर द्वारा जारी निर्देश में कहा गया है कि पहले लागू सभी नियमों और प्रक्रियाओं में बदलाव करते हुए यह नया आदेश लागू किया गया है। अब राज्य के माइनॉरिटी अफेयर्स और मदरसा एजुकेशन डिपार्टमेंट के अंतर्गत आने वाले हर मदरसे में पढ़ाई शुरू होने से पहले प्रार्थना के दौरान ‘वंदे मातरम्’ गाना जरूरी होगा।

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