West Bengal news: पश्चिम बंगाल में नई सरकार बनने के बाद अवैध घुसपैठियों के खिलाफ कार्रवाई तेज हो गई है। मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी (Suvendu Adhikari)के ‘डिटेक्ट, डिलीट और डिपोर्ट’ अभियान के तहत मालदा और मुर्शिदाबाद में दो होल्डिंग सेंटर शुरू किए गए हैं। राज्य सरकार ने इन सेंटरों के शुरू होने के 24 घंटे के भीतर ही 12 बांग्लादेशी घुसपैठियों को हिरासत में लेकर वहां शिफ्ट कर दिया।
मालदा और मुर्शिदाबाद में कार्रवाई
एक होल्डिंग सेंटर मालदा जिले के इंग्लिश बाजार में और दूसरा मुर्शिदाबाद के लालगोला में बनाया गया है। जानकारी के मुताबिक, 9 बांग्लादेशी नागरिकों को मालदा सेंटर और 3 को मुर्शिदाबाद के लालगोला सेंटर भेजा गया है। इंग्लिश बाजार के विधायक अम्लान भादुड़ी (Amlan Bhaduri) ने बताया कि हिरासत में लिए गए लोगों के लिए भोजन और अन्य जरूरी सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद उन्हें सीमा सुरक्षा बल को सौंपा जाएगा।
West Bengal news: रानीतला इलाके से पकड़े गए संदिग्ध
सूत्रों के अनुसार, मुर्शिदाबाद के रानीतला थाना क्षेत्र से तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया गया। पूछताछ के दौरान वे कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखा सके। इनकी पहचान मोहम्मद सलीम, मोहम्मद रुबेल और शरीफुल इस्लाम के रूप में हुई है।
नए नियमों के तहत बदली प्रक्रिया
केंद्र सरकार की नई गाइडलाइंस के तहत अब अवैध रूप से भारत में रहने वाले विदेशी नागरिकों को सामान्य कैदियों के साथ जेल में नहीं रखा जाएगा। गृह मंत्रालय के निर्देशों के अनुसार, विदेशी कानून के तहत गिरफ्तार बांग्लादेशी, म्यांमारी और रोहिंग्या घुसपैठियों को अदालत में पेशी के बाद सीधे सरकारी होल्डिंग सेंटर में भेजा जाएगा।
West Bengal news: सुरक्षा के कड़े इंतजाम
इन होल्डिंग सेंटरों में सुरक्षा के लिए 24 घंटे CCTV निगरानी की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा पुलिस, सिविल डिफेंस कर्मी और स्थानीय स्वयंसेवकों की तैनाती भी की गई है। सरकार का कहना है कि राज्यभर में पहचान और सत्यापन अभियान आगे भी जारी रहेगा।








