Makhanlal Sarkar: पश्चिम बंगाल के नौवें मुख्यमंत्री के रूप में सुवेंदु अधिकारी के शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता माखनलाल सरकार का आशीर्वाद लिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के लिए कोलकाता पहुंचे थे। ब्रिगेड परेड ग्राउंड पहुंचने के बाद उन्होंने मुख्यमंत्री पद के लिए नामित सुवेंदु अधिकारी और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष समीक भट्टाचार्य के साथ खुली जीप में सवार होकर वहां मौजूद हजारों भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों का अभिवादन किया।
ग्राउंड भगवा रंग में सजा
पूरा ब्रिगेड परेड ग्राउंड भगवा रंग में सजा हुआ नजर आया। समारोह में बड़ी संख्या में कलाकार पारंपरिक ढोल की थाप पर प्रस्तुति दे रहे थे। जीप यात्रा के बाद प्रधानमंत्री मोदी मंच पर पहुंचे और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय मंत्रियों, भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों और अन्य नेताओं से मुलाकात की। इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी ने माखनलाल सरकार का सम्मान करते हुए उन्हें शॉल भेंट की और उनका आशीर्वाद लिया। 98 वर्ष की आयु में भी, माखनलाल सरकार आज़ादी के बाद के भारत में राष्ट्रवादी आंदोलन से जुड़े शुरुआती ज़मीनी स्तर के नेताओं में से एक हैं। 1952 में, उन्हें कश्मीर में भारतीय तिरंगा फहराने के आंदोलन के दौरान श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ होने पर गिरफ्तार किया गया था। साल 1980 में भाजपा की स्थापना के बाद उन्हें पश्चिम दिनाजपुर, जलपाईगुड़ी और दार्जिलिंग जिलों का संगठन समन्वयक बनाया गया।
How BJP respects its seniors and karyakartas…
On the stage, the Prime Minister took the blessings of Shri Makhanlal Sarkar, one of the BJP’s most senior workers in West Bengal.
At the age of 98, Shri Makhanlal Sarkar remains one of the earliest grassroots figures associated… pic.twitter.com/TmtslxD4wQ
— Amit Malviya (@amitmalviya) May 9, 2026
उन्होंने सिर्फ एक साल में करीब 10 हजार लोगों को पार्टी से जोड़ने का काम किया। साल 1981 से लगातार सात वर्षों तक उन्होंने जिला अध्यक्ष के रूप में काम किया। उस समय यह बड़ी उपलब्धि मानी जाती थी, क्योंकि आमतौर पर भाजपा नेता एक ही संगठनात्मक पद पर दो साल से ज्यादा नहीं रह पाते थे। इससे पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भाजपा संसदीय दल की बैठक में सुवेंदु अधिकारी के नाम का ऐलान भाजपा विधायक दल के नेता के रूप में किया था। इसके बाद सुवेंदु अधिकारी ने नियमों के अनुसार लोक भवन जाकर राज्यपाल आरएन रवि के सामने नई सरकार बनाने का दावा पेश किया।








