मुख्यमंत्री ने विधानसभावार प्रस्तावित विकास योजनाओं की समीक्षा करते हुए सांसदों और विधायकों से अपने-अपने क्षेत्रों के विकास कार्यों की प्राथमिकता तय करने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि यदि किसी प्रस्ताव में संशोधन की आवश्यकता हो तो उसे तत्काल बताया जाए, ताकि धनराशि जारी कर योजनाओं पर बिना देरी के कार्य शुरू कराया जा सके। आगरा जिले में 2,791 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली 495 विकास योजनाओं पर कार्य चल रहा है, जिनकी लगातार निगरानी की जा रही है।
मेट्रो सिटी के अनुरूप हो आगरा का विकास
बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि आगरा अब मेट्रो सिटी है, इसलिए यहां सड़क, पेयजल, सीवर और सौंदर्यीकरण जैसे सभी विकास कार्य महानगरों के स्तर के होने चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आगरा मेट्रो के दूसरे चरण और एयरपोर्ट विस्तार परियोजना का कार्य तय समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए। अधिकारियों ने जानकारी दी कि एयरपोर्ट विस्तार का कार्य आगामी अक्टूबर तक पूरा होने की संभावना है।
Yogi Adityanath: विकास और पर्यावरण के बीच बनाया जाए संतुलन
हवाई अड्डे के रनवे विस्तार और सड़क चौड़ीकरण में आ रहे पेड़ों के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सुप्रीम कोर्ट और राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) में प्रभावी पैरवी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विकास कार्य प्रभावित नहीं होने चाहिए, लेकिन जहां संभव हो वहां पुराने पेड़ों को बचाते हुए वैकल्पिक प्रस्ताव तैयार किए जाएं, ताकि विकास और पर्यावरण दोनों के बीच संतुलन बना रहे।
Yogi Adityanath: अवैध खनन और भारी वाहनों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अवैध खनन पर पूरी तरह रोक लगाने के निर्देश देते हुए कहा कि प्रभावी मॉनिटरिंग के माध्यम से दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने ग्रामीण मार्गों पर भारी डंपरों और ट्रकों के संचालन पर नाराजगी जताई और कहा कि ऐसे वाहनों के कारण गांवों की सड़कें क्षतिग्रस्त हो रही हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि भारी वाहनों पर नियंत्रण के साथ-साथ क्षतिग्रस्त सड़कों की भरपाई भी संबंधित लोगों से कराई जाए। इसके अलावा छुट्टा पशुओं की समस्या के समाधान के लिए मध्य प्रदेश और राजस्थान सरकार के साथ समन्वय स्थापित करने को भी कहा गया।
गुणवत्ता से समझौता करने वालों पर होगी कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने सीएम ग्रिड योजना और सड़क पुनर्स्थापन कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष जोर देते हुए कहा कि किसी भी निर्माण कार्य में घटिया सामग्री या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि यदि किसी परियोजना की गुणवत्ता खराब पाई गई तो संबंधित ठेकेदार और अभियंता की जिम्मेदारी तय कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।बैठक में गोवर्धन परिक्रमा मार्ग के निर्माण की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने आधुनिक तकनीक के उपयोग से सड़क निर्माण कराने के निर्देश दिए, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। जनप्रतिनिधियों ने शहर में बढ़ते ट्रैफिक, यमुना नदी पर नए पुल के निर्माण और जलभराव जैसी समस्याओं को भी मुख्यमंत्री के समक्ष उठाया। मुख्यमंत्री ने इन सभी विषयों को कार्ययोजना में शामिल कर शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
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