Water project: जल जीवन मिशन (जेजेएम) घोटाले के सिलसिले में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की अदालत ने चार आरोपियों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए हैं। इनमें पूर्व आईएएस अधिकारी सुबोध अग्रवाल, जितेंद्र शर्मा, संजीव गुप्ता और मुकेश गोयल का नाम शामिल है। इन आरोपियों के खिलाफ गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं, और एसीबी टीमों द्वारा उनकी तलाश में छापेमारी की जा रही है।
गिरफ्तारी वारंट और छापेमारी का आदेश
एसीबी कोर्ट ने 2024 में दर्ज किए गए जेजेएम मामले के संदर्भ में चार आरोपियों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। अदालत के निर्देश पर एसीबी ने उन संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी तेज कर दी है, जहां आरोपियों के छिपे होने की संभावना जताई जा रही है। सभी आरोपी इस समय फरार हैं और गिरफ्तारी की कोशिशें जारी हैं।
Water project: जल जीवन मिशन घोटाला
यह मामला जल जीवन मिशन के तहत किए गए कार्यों में कथित गड़बड़ियों से जुड़ा है, जो कि ग्रामीण इलाकों में नल से पानी के कनेक्शन प्रदान करने वाली एक प्रमुख योजना है। एसीबी ने जांच के दौरान सबूत जुटाए हैं, जिससे यह साफ हुआ है कि टेंडर प्रक्रिया में फर्जी बिल बनाए गए और वित्तीय अनियमितताएं की गईं।
छापेमारी और संपत्ति जब्ती की चेतावनी
एसीबी ने बताया कि अगर आरोपी गिरफ्तारी से बचते हैं तो उनके खिलाफ संपत्तियां जब्त करने की कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में कानूनी प्रक्रिया अदालत से आदेश मिलने के बाद शुरू की जाएगी। जांच लगातार जारी है, और एसीबी टीमें आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयासरत हैं।







