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ईरान ने पहली बार ‘सेज्जिल बैलिस्टिक मिसाइल’ से तेल-अवीव पर किया हमला

इजरायल-अमेरिका और ईरान के बीच जारी युद्ध के बीच रविवार को ईरान ने पहली बार तेल-अवीव को सेज्जिल बैलिस्टिक मिसाइल से निशाना बनाया। सेज्जिल ईरान की सबसे एडवांस्ड मीडियम-रेंज बैलिस्टिक मिसाइलों में से एक मानी जाती है। यह दो-स्टेज सॉलिड-फ्यूल मिसाइल है, जिसकी रेंज करीब 2,000 से 2,500 किलोमीटर तक बताई जाती है।

Iran crisis: इजरायल-अमेरिका और ईरान के बीच जारी युद्ध के बीच रविवार को ईरान ने पहली बार तेल-अवीव को सेज्जिल बैलिस्टिक मिसाइल से निशाना बनाया। रिपोर्ट्स के मुताबिक यह पहली बार है जब मौजूदा संघर्ष में ईरान ने इस एडवांस्ड मिसाइल का इस्तेमाल किया है। इससे इजरायल में हड़कंप मच गया। ईरान पहले भी कई तरह की मिसाइलों से हमले कर चुका है, लेकिन सेज्जिल का इस्तेमाल अब तक नहीं किया गया था।

खोर्रमशहर समेत कई मिसाइलों से हमला

ईरान के इस्लामिक रिवॉल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया कि हमले में सेज्जिल के साथ-साथ खोर्रमशहर (Khorramshahr) सुपर-हैवी मिसाइल का भी इस्तेमाल किया गया। बताया गया कि इस मिसाइल को करीब 2 टन वारहेड के साथ दागा गया। इसके अलावा खैबर शेकन, क़द्र और एमाद मिसाइलें भी लॉन्च की गईं। इन मिसाइलों का निशाना इजरायल के सैन्य ठिकाने, एयर डिफेंस सिस्टम और कुछ शहर बताए जा रहे हैं। हमलों के बाद तेल-अवीव, बेयरशेबा और आसपास के इलाकों में एयर-रेड सायरन बजने लगे। ईरान ने इन हमलों को अपने “ट्रू प्रॉमिस” ऑपरेशन का हिस्सा बताया है, जिसमें मल्टी-वारहेड और हाई-स्पीड मिसाइलों का इस्तेमाल किया गया।

Iran crisis: एयर डिफेंस सिस्टम को दिया चकमा

ईरान का दावा है कि इजरायल ने इन हमलों को रोकने के लिए आयरन डोम, डेविड्स स्लिंग, एरो-2/3 के साथ अमेरिका के THAAD और पैट्रियट सिस्टम का इस्तेमाल किया। इसके बावजूद कई मिसाइलें अपने लक्ष्य तक पहुंचने में कामयाब रहीं। ईरान के मुताबिक इन हमलों में कुछ हाई-राइज बिल्डिंग, सिविलियन एरिया और सैन्य ठिकानों को नुकसान पहुंचा है। साथ ही यह भी दावा किया गया कि इजरायली एयर डिफेंस सिस्टम को काफी क्षति हुई है।

कितनी खतरनाक है सेज्जिल मिसाइल?

Iran crisis: सेज्जिल ईरान की सबसे एडवांस्ड मीडियम-रेंज बैलिस्टिक मिसाइलों में से एक मानी जाती है। यह दो-स्टेज सॉलिड-फ्यूल मिसाइल है, जिसकी रेंज करीब 2,000 से 2,500 किलोमीटर तक बताई जाती है। यह मिसाइल करीब 500 से 1500 किलोग्राम तक का वारहेड ले जाने में सक्षम है। इसकी लंबाई लगभग 18 मीटर और लॉन्च वेट करीब 23,600 किलोग्राम बताया जाता है। इसकी रफ्तार मैक 4 से 5 तक हो सकती है, जिससे इसे रोकना काफी मुश्किल माना जाता है। सेज्जिल की एक खासियत यह भी है कि यह सॉलिड-फ्यूल से चलती है। इसलिए इसे बहुत कम समय में लॉन्च किया जा सकता है और इसे लंबे समय तक स्टोर भी किया जा सकता है। यह मिसाइल मोबाइल लॉन्चर (TEL) से दागी जा सकती है, जिससे इसे छिपाकर रखना आसान होता है। विशेषज्ञों के अनुसार इसकी तेज रफ्तार और मैन्यूवरेबिलिटी इजरायल के एयर डिफेंस सिस्टम के लिए बड़ी चुनौती बन सकती है। अगर भविष्य में इसमें परमाणु वारहेड लगाया जाए तो इसका असर और भी ज्यादा खतरनाक हो सकता है।

 

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