Smart Meter: आगरा में स्मार्ट मीटरों के खिलाफ एक बड़ा विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। महिलाओं और अन्य उपभोक्ताओं ने अपनी समस्याओं को लेकर सड़कों पर उतरकर विरोध जताया। उनका आरोप है कि स्मार्ट मीटर बहुत तेज़ी से चलता है, जिससे बिना किसी उपयोग के बैलेंस कम हो जाता है और बिजली की आपूर्ति भी अचानक बंद हो जाती है। इस प्रदर्शन के बाद स्थानीय अधिकारियों के खिलाफ गुस्सा फूट पड़ा है और लोग स्मार्ट मीटरों की अनियमितताओं को लेकर असंतुष्ट हैं।
महिलाओं ने मीटर लेकर किया विरोध प्रदर्शन
आगरा के एत्मादपुर क्षेत्र के छलेसर गांव की महिलाएं अपने घरों में लगे स्मार्ट मीटरों को उखाड़कर सड़क पर ले आईं। उनका कहना था कि स्मार्ट मीटर बिना उपयोग के भी बैलेंस को कम कर देता है, जिससे वे आर्थिक रूप से परेशान हो रही हैं। महिलाएं और अन्य उपभोक्ता यह मांग कर रहे हैं कि स्मार्ट मीटर को हटाया जाए और पुराने मीटर की व्यवस्था को फिर से लागू किया जाए।
Smart Meter: स्मार्ट मीटर की खामियां उजागर
उपभोक्ताओं का आरोप है कि स्मार्ट मीटर अत्यधिक तेजी से चलता है और अक्सर वह रीडिंग अधिक दिखाता है, जबकि बिजली का वास्तविक उपयोग कम होता है। इसके अलावा, बिना बिजली का उपयोग किए भी बैलेंस घट जाता है, जिससे परिवारों के बजट पर असर पड़ता है। इस तरह की शिकायतें अब आम हो गई हैं, लेकिन विभाग का कोई अधिकारी इस पर खुलकर बोलने को तैयार नहीं है।
रिचार्ज के बाद भी बंद रहती है सप्लाई
इस प्रदर्शन के दौरान उपभोक्ताओं ने यह भी आरोप लगाया कि रिचार्ज करने के बाद भी बिजली की सप्लाई फिर से शुरू नहीं हो पाती है। यह एक बड़ी तकनीकी समस्या बन चुकी है, जिसके कारण लोगों को दोहरी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस तकनीकी खामी के चलते कई बार परिवारों को अंधेरे में रहना पड़ता है, जबकि उन्होंने समय से रिचार्ज किया हो।
Smart Meter: सरकार की ओर से स्मार्ट मीटर पर की गई घोषणा
सरकार की ओर से इस संबंध में एक महत्वपूर्ण घोषणा की गई है। अब बकाया होने की स्थिति में 1 किलोवाट के कनेक्शन में 25 दिनों तक बिजली काटी नहीं जाएगी, वहीं 2 किलोवाट के कनेक्शन में 200 रुपये तक का बकाया होने पर भी सप्लाई बंद नहीं होगी। हालांकि, इन घोषणाओं के बावजूद स्मार्ट मीटर के खिलाफ उपभोक्ताओं का विरोध थमने का नाम नहीं ले रहा है। कई स्थानों पर लगातार प्रदर्शन हो रहे हैं और लोग स्मार्ट मीटर की समस्या को लेकर सरकार से समाधान की उम्मीद कर रहे हैं।








