PAWAN KHEDA BAIL: पवन खेड़ा ने सुप्रीम कोर्ट से अग्रिम जमानत मिलने के बाद केंद्र और राज्य सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि जब भी सरकारें दमनकारी होती हैं, तब डॉ. भीमराव अंबेडकर का संविधान ही आम नागरिकों की ढाल बनता है।
सुप्रीम कोर्ट से मिली राहत पर बयान
दिल्ली पहुंचने पर समर्थकों के स्वागत के बीच खेड़ा ने कहा कि उन्हें मिली राहत संविधान की ताकत का उदाहरण है। उन्होंने कहा, “जब किसी व्यक्ति के अधिकारों का हनन होता है, तब संविधान ही उसकी रक्षा करता है।”
PAWAN KHEDA BAIL: सरकारों पर तीखा हमला
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि कुछ सरकारें विपक्ष और आम नागरिकों के अधिकारों को दबाने की कोशिश कर रही हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे हालात में न्यायपालिका और संविधान ही लोगों को सुरक्षा देते हैं।
चुनाव आयोग पर भी सवाल
खेड़ा ने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के शीर्ष नेताओं का जिक्र करते हुए राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे और प्रियंका गांधी वाड्रा के साथ मिलकर चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि आयोग को अपनी विश्वसनीयता पर उठ रहे सवालों का जवाब देना चाहिए।
PAWAN KHEDA BAIL: असम मामले का जिक्र
खेड़ा ने कहा कि असम सरकार ने उन्हें फंसाने की कोशिश की, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें राहत दी। उन्होंने दोहराया कि संविधान हर नागरिक की रक्षा करता है, चाहे वह आम व्यक्ति हो या विपक्ष का नेता। कुल मिलाकर, खेड़ा के इस बयान ने एक बार फिर राजनीतिक माहौल गरमा दिया है, जहां संविधान, न्यायपालिका और सरकारी एजेंसियों की भूमिका को लेकर बहस तेज हो सकती है।
ये भी पढ़े… ईरान का अमेरिका को अल्टीमेटम: ईरान ने अमेरिका को भेजा नया प्रस्ताव, रखीं सख्त शर्तें- अब ट्रंप क्या करेंगे?








