Up news: मऊ जिले के गाजियापुर गांव से एक ऐसी दर्दनाक घटना सामने आई है जिसने हर किसी को भावुक कर दिया। एकादशी स्नान के दौरान डूबते भाई को बचाने के लिए दो सगी बहनों ने बिना अपनी जान की परवाह किए घाघरा नदी में छलांग लगा दी। भाई तो बच गया, लेकिन दोनों बहनें तेज बहाव में बह गईं और लापता हो गईं।
एकादशी स्नान के दौरान हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, गाजियापुर निवासी किसान रामविलास यादव अपने परिवार और रिश्तेदारों के साथ एकादशी के अवसर पर घाघरा नदी में स्नान करने पहुंचे थे। परिवार के साथ गांव के अन्य लोग भी मौजूद थे। बताया जा रहा है कि करीब 20 से 25 लोग ट्रैक्टर-ट्रॉली से नदी तट पर पहुंचे थे। स्नान के दौरान अचानक रामविलास यादव का बेटा गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। बेटे को संकट में देख परिवार में अफरा-तफरी मच गई।
Up news: भाई को बचाने के लिए बहन ने लगाई छलांग
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, भाई को डूबता देख बड़ी बहन प्रियांशु ने बिना एक पल गंवाए नदी में छलांग लगा दी। उसने किसी तरह अपने भाई को सुरक्षित स्थान की ओर धकेल दिया, जिससे उसकी जान बच गई। हालांकि, भाई को बचाने के बाद प्रियांशु खुद नदी की तेज धारा में फंस गई और बहने लगी।
Up news: बड़ी बहन को बचाने उतरी छोटी बहन भी लापता
जब छोटी बहन प्रतिज्ञा ने अपनी बड़ी बहन को बहते देखा तो वह भी उसे बचाने के लिए नदी में कूद गई। लेकिन घाघरा नदी का तेज बहाव और गहराई दोनों बहनों पर भारी पड़ गई। देखते ही देखते दोनों नदी में लापता हो गईं। घटना सुबह करीब 10 बजे की बताई जा रही है। सूचना मिलते ही परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और तलाश शुरू की गई, लेकिन देर शाम तक दोनों का कोई पता नहीं चल सका।
पुलिस और गोताखोरों की मदद से जारी है तलाश
घटना की जानकारी मिलने के बाद मधुबन क्षेत्राधिकारी दिनेश दत्त मिश्रा और स्थानीय पुलिस टीम मौके पर पहुंची। प्रशासन की निगरानी में गोताखोरों, पुलिसकर्मियों और ग्रामीणों की मदद से लगातार खोज अभियान चलाया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि दोनों बच्चियों की तलाश के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
गांव में पसरा मातम, बहनों के साहस की हो रही चर्चा
Up news: इस हादसे के बाद रामविलास यादव के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि पूरे गांव में शोक का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर बड़ी बहन प्रियांशु समय रहते नदी में नहीं कूदती तो उसका भाई भी इस हादसे का शिकार हो सकता था। दोनों बहनों ने अपने भाई की जान बचाने के लिए अपनी जान की परवाह नहीं की। उनके साहस और त्याग की चर्चा पूरे इलाके में हो रही है।
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