Bulldozer Action Ghaziabad: उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में सरकारी जमीन पर बनी एक कथित अवैध मजार को प्रशासन ने रविवार को बुलडोजर चलाकर ध्वस्त कर दिया। ट्रोनिका सिटी स्थित इस कार्रवाई के दौरान चार बुलडोजर लगाए गए और सुरक्षा व्यवस्था के लिए 650 पुलिसकर्मियों के साथ दो कंपनी पीएसी तैनात की गई। करीब चार घंटे चले अभियान के बाद पूरी संरचना को हटाया गया।
जांच में सरकारी जमीन पर मिला निर्माण
प्रशासन के अनुसार, यह जमीन ट्रांस दिल्ली औद्योगिक क्षेत्र के सेक्टर-सी-8 स्थित गांव लुत्फुल्लापुर में है, जिसका अधिग्रहण वर्ष 1989 में उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीसीडा) ने किया था। अधिकारियों का कहना है कि पहले यहां एक चबूतरा बनाया गया था, जिसके बाद धीरे-धीरे वहां बाउंड्री और फिर गुंबदनुमा ढांचा तैयार कर दिया गया। जांच में यह निर्माण सरकारी भूमि पर पाया गया।
Bulldozer Action Ghaziabad: कोरोना काल में बना था गुंबद
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, वर्ष 2021 में कोरोना काल के दौरान रातोंरात इस स्थान पर गुंबदनुमा संरचना का निर्माण कर लिया गया। स्थानीय लोगों की शिकायत पर राजस्व विभाग और प्रशासन ने जांच कराई, जिसमें भूमि सरकारी होने की पुष्टि हुई।
Bulldozer Action Ghaziabad: नोटिस के बाद भी नहीं हुआ जवाब
यूपीसीडा अधिकारियों ने बताया कि दिसंबर 2025 में अवैध निर्माण हटाने के लिए नोटिस चस्पा किया गया था, लेकिन निर्धारित समय में कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद नियमानुसार ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई। प्रशासन का कहना है कि संबंधित मजार राजस्व अभिलेखों में दर्ज नहीं थी और यह करोड़ों रुपये मूल्य की सरकारी जमीन पर बनी हुई थी।
प्रशासनिक अधिकारियों की रही मौजूदगी
कार्रवाई के दौरान एडीएम सिटी विकास कश्यप, एसडीएम लोनी दीपक सिंगनवाल, यूपीसीडा की परियोजना अधिकारी शर्मिला पटेल सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। आसपास के थानों और पुलिस लाइन से अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया।
🚨 BULLDOZER ACTION in Ghaziabad
An illegal three-storey MAZAR built on Government land in Tronica City’s green belt has been DEMOLISHED during an ANTI-ENCROACHMENT drive after repeated notices were IGNORED.
— This is Yogi Adityanath’s Uttar Pradesh 🔥 pic.twitter.com/P87MHNvNgf
— Megh Updates 🚨™ (@MeghUpdates) June 28, 2026
हाल ही में मदरसे पर भी हुई थी कार्रवाई
इससे पहले 16 जून को गाजियाबाद के कुशलिया गांव और मसूरी क्षेत्र में सरकारी जमीन पर बने एक मदरसे को भी प्रशासन ने हटाया था। प्रशासन का कहना था कि वह निर्माण भी सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा कर बनाया गया था।
प्रशासन का संदेश
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार के अवैध अतिक्रमण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और राजस्व रिकॉर्ड के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
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