Fuel Saving: उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने ईंधन संरक्षण और विद्युत चालित वाहनों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक बार फिर अनोखी पहल की है। शुक्रवार को वह अपने कर्मचारियों के साथ ई-रिक्शा से विधानसभा पहुंचे। इससे पहले वह साइकिल और मोटरसाइकिल से भी विधानसभा पहुंच चुके हैं। उनका कहना है कि पेट्रोल और डीजल की बचत आज समय की जरूरत है और इसके लिए हर नागरिक को अपनी जिम्मेदारी निभानी चाहिए।
ईंधन बचाने की अपील
विधानसभा पहुंचने के बाद पत्रकारों से बातचीत में सुरेश खन्ना ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ईंधन की खपत कम करने की अपील की है। इसी क्रम में उन्होंने सप्ताह में एक दिन पेट्रोल और डीजल से चलने वाले वाहनों का उपयोग न करने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक नागरिक सप्ताह में एक दिन ईंधन की बचत करे तो इसका बड़ा सकारात्मक प्रभाव देखने को मिलेगा।
Fuel Saving: विद्युत वाहनों को बढ़ावा देने पर जोर
वित्त मंत्री ने कहा कि सप्ताह में एक दिन वह विद्युत चालित वाहन से कार्यालय जाएंगे और उसी से वापस लौटेंगे। उनका मानना है कि विद्युत वाहन न केवल पर्यावरण के लिए बेहतर हैं, बल्कि ईंधन पर निर्भरता भी कम करते हैं। उन्होंने लोगों से भी आग्रह किया कि वे अधिक से अधिक विद्युत वाहनों का उपयोग करें और ऊर्जा संरक्षण के अभियान में भागीदार बनें।
वैश्विक परिस्थितियों का भी किया जिक्र
सुरेश खन्ना ने कहा कि वर्तमान अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और वैश्विक तनावों का असर ईंधन बाजार पर पड़ रहा है। ऐसे समय में देशवासियों का दायित्व है कि वे संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग करें। उन्होंने याद दिलाया कि भारत अपनी ईंधन आवश्यकताओं का बड़ा हिस्सा आयात करता है, जिससे विदेशी मुद्रा पर भारी खर्च होता है। उन्होंने कहा कि पेट्रोल और डीजल की बचत केवल आर्थिक नहीं, बल्कि राष्ट्रीय जिम्मेदारी भी है। वित्त मंत्री ने लोगों से नेतृत्व की अपील का सम्मान करते हुए ऊर्जा संरक्षण को जन आंदोलन बनाने का आह्वान किया और कहा कि छोटे-छोटे प्रयास देशहित में बड़ा योगदान दे सकते हैं।








