India Alliance Meeting: विपक्षी गठबंधन इंडिया अलायंस की बैठक बुधवार को दिल्ली में शुरू हो गई है। कांग्रेस के नेतृत्व में हो रही इस बैठक में शामिल होने के लिए देशभर से कई विपक्षी दलों के नेता राजधानी पहुंच रहे हैं। बैठक में तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी, नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला समेत कई प्रमुख नेताओं के शामिल होने की संभावना है। बैठक में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर और चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। इसके अलावा कोऑर्डिनेशन मीटिंग में विपक्षी नेता एसआईआर प्रक्रिया और अन्य मुद्दों को लेकर आगे की रणनीति पर भी विचार कर सकते हैं।
करीब 23 सहयोगी दलों के नेता होंगे शामिल
इंडिया गठबंधन की बैठक में करीब 23 सहयोगी दलों के नेताओं के शामिल होने की संभावना है। कांग्रेस की ओर से पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और सोनिया गांधी बैठक में हिस्सा लेंगे।तृणमूल कांग्रेस की ओर से ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी के शामिल होने की संभावना है। राष्ट्रीय जनता दल का प्रतिनिधित्व तेजस्वी यादव करेंगे। जम्मू-कश्मीर से मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती बैठक में शामिल होंगी।
राकांपा-शरदचंद्र पवार की ओर से सुप्रिया सुले और अन्य प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे। वाम दलों की तरफ से माकपा के राज्यसभा सांसद जॉन ब्रिटास मौजूद रहेंगे। इसके अलावा भाकपा, भाकपा-माले और आरएसपी के नेता भी बैठक में शामिल होंगे।समाजवादी पार्टी की ओर से पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रतिनिधित्व करेंगे। वहीं, झामुमो, आईयूएमएल, वीसीके, एमडीएमके, केरल कांग्रेस, बीएपी, आरएलपी, फॉरवर्ड ब्लॉक और निर्दलीय सांसद कपिल सिब्बल भी बैठक की चर्चाओं में हिस्सा लेंगे।
India Alliance Meeting: आप समेत इन दलों ने बनाई दूरी
आम आदमी पार्टी ने बैठक में शामिल नहीं होने का स्पष्ट ऐलान किया है। आप सांसद संजय सिंह के मुताबिक, पार्टी बैठक से दूर रहेगी। हालांकि, संसद में चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष की मांगों का आप समर्थन करेगी।तमिलनाडु चुनाव के बाद कांग्रेस के साथ राजनीतिक मतभेदों के चलते द्रविड़ मुनेत्र कझगम ने भी बैठक का बहिष्कार किया है और खुद को गठबंधन से अलग कर लिया है। नवीन पटनायक के नेतृत्व वाले बीजू जनता दल ने भी बैठक में शामिल नहीं होने का फैसला किया है।इसके अलावा तमिलनाडु में कांग्रेस के सहयोग से सरकार बनाने वाली अभिनेता विजय की पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम भी बैठक में शामिल नहीं हो रही है।
SIR और चुनाव आयोग पर होगी चर्चा
इंडिया गठबंधन की यह बैठक चुनाव आयोग और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर को लेकर चल रहे विवाद के बीच हो रही है। विपक्षी दल मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। बैठक में एसआईआर को लेकर विपक्ष की आगे की रणनीति पर चर्चा होने की संभावना है।कांग्रेस सांसद सैयद नसीर हुसैन ने कहा कि बैठक में चुनाव आयोग और अन्य मुद्दों पर चर्चा होगी। उन्होंने बताया कि एक दिन पहले कांग्रेस की बैठक में हुई चर्चा के आधार पर इंडिया गठबंधन की बैठक में एक प्रस्ताव पेश किया जाएगा।
India Alliance Meeting: जितेंद्र आव्हाड ने क्या कहा?
एनसीपी एससीपी नेता जितेंद्र आव्हाड ने कहा कि ज्ञानेश कुमार ने जिस तरह संविधान और बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर के मूल्यों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की है, उस पर बैठक में चर्चा होगी। उन्होंने साथ ही कहा कि इंडिया गठबंधन में सब ठीक है।कांग्रेस सांसद जयराम रमेश ने कहा कि बैठक में शामिल पार्टियां और दूसरी विपक्षी पार्टियां मोदी सरकार के कथित लगातार हमलों से संविधान की रक्षा के लिए एकजुट हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता में बने रहने के लिए चुनाव आयोग के जरिए वोट चोरी करने की योजना बनाई गई है।
जॉन ब्रिटास बोले- मतभेदों से ऊपर उठने की जरूरत
माकपा सांसद जॉन ब्रिटास ने कहा कि इंडिया ब्लॉक में वापस आना डीएमके पर निर्भर करता है। उन्होंने कहा कि अगर डीएमके वापस आती है तो उन्हें खुशी होगी।ब्रिटास ने कहा कि केरल और दूसरे राज्यों में कांग्रेस के साथ वाम दलों के गंभीर मतभेद हैं, लेकिन भाजपा का मुकाबला करने के बड़े उद्देश्य के लिए कांग्रेस के साथ सहयोग करने में ये मतभेद बाधा नहीं हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि दूसरी पार्टियां भी अपने मतभेदों से ऊपर उठेंगी।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के कहने पर मुख्य चुनाव आयुक्त द्वारा किए जा रहे कथित असंवैधानिक और गैरकानूनी कामों का मुकाबला करने के लिए विपक्षी दलों का बड़ा गठबंधन बन रहा है। उनके मुताबिक, लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए सभी दलों को एकजुट होने की जरूरत है।

India Alliance Meeting: तेजस्वी यादव ने बैठक को लेकर क्या कहा?
इंडिया गठबंधन की बैठक पर तेजस्वी यादव ने कहा कि यह बैठक चुनाव प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों और दो चुनाव आयुक्तों की ओर से जताई गई चिंताओं पर चर्चा के लिए बुलाई गई है।पत्रकारों से बातचीत में यादव ने कहा कि बैठक चुनाव के दौरान हुई कथित गड़बड़ियों और दो चुनाव आयुक्तों की ओर से उठाए गए मुद्दों को लेकर है।
संजय सिंह बोले- ज्ञानेश कुमार का मुद्दा राष्ट्रीय मुद्दा
आप सांसद संजय सिंह ने कहा कि चूंकि आम आदमी पार्टी इंडिया गठबंधन का हिस्सा नहीं है, इसलिए बैठक में शामिल होने का सवाल नहीं उठता। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार से जुड़ा मुद्दा राष्ट्रीय मुद्दा है।संजय सिंह ने कहा कि जो लोग चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के साथ बैठते हैं, वही शिकायतें उठा रहे हैं। उन्होंने बताया कि सीजेपी 2 अक्टूबर को विरोध-प्रदर्शन कर रहा है और उनका मानना है कि सभी राजनीतिक दलों को इसका समर्थन करना चाहिए।
India Alliance Meeting: भाजपा ने विपक्ष पर किया पलटवार
इंडिया गठबंधन की बैठक पर भाजपा सांसद भोला सिंह ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि विपक्ष सत्ता की भूख से प्रेरित है और प्रधानमंत्री की बढ़ती लोकप्रियता को देखकर घबराया हुआ है।भोला सिंह ने कहा कि अगर चुनाव आयोग ने वास्तव में चुनावों में धांधली की होती तो कांग्रेस हिमाचल प्रदेश, तेलंगाना या कर्नाटक में सरकार नहीं बना पाती और न ही उसे 100 सांसद सीटें मिलतीं। उन्होंने विपक्ष के आरोपों को बेबुनियाद बताया।उन्होंने कहा कि जनता तय करती है कि कौन सत्ता में रहेगा और किसे वोट देकर बाहर किया जाएगा। एसआईआर के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में कोई व्यक्ति केवल एक ही वोट डाल सकता है। उनके मुताबिक, चुनाव आयोग निष्पक्ष तरीके से चुनाव कराता है और लोकतंत्र में इस तरह के आरोप उचित नहीं हैं।
शिवराज सिंह चौहान ने भी साधा निशाना
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बुधवार को कहा कि इंडिया गठबंधन कांग्रेस नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में काम करने को तैयार नहीं है। उन्होंने यह बयान उस समय दिया जब विपक्षी गठबंधन मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ रणनीति बनाने के लिए दिल्ली में बैठक कर रहा है।चौहान ने बैठक में समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के शामिल नहीं होने का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि शिवसेना यूबीटी प्रमुख उद्धव ठाकरे दिल्ली नहीं आ रहे हैं और बैठक में वर्चुअली शामिल होंगे।
उन्होंने कहा कि गठबंधन बैठक से पहले ही बिखर चुका था। चौहान ने कहा कि अखिलेश यादव कहीं और व्यस्त हैं और उद्धव ठाकरे व्यक्तिगत रूप से बैठक में शामिल होने के बजाय वर्चुअली जुड़ेंगे।चौहान ने दावा किया कि इंडिया गठबंधन राहुल गांधी का नेतृत्व स्वीकार नहीं करता। उन्होंने सवाल उठाया कि देश ऐसे व्यक्ति को नेता के तौर पर कैसे स्वीकार कर सकता है, जिसे खुद कांग्रेस पार्टी ही नेता नहीं मानती।









