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जयपुर की पटाखा फैक्ट्री में भीषण आग, बच्चे समेत 4 की मौत; 4 मजदूर गंभीर रूप से झुलसे रिहायशी इलाके में मचा हड़कंप, अवैध फैक्ट्री संचालन पर उठे सवाल

Jaipur Fire news:

Jaipur Fire news: राजस्थान की राजधानी जयपुर के खोह नागोरियान इलाके में स्थित एक पटाखा फैक्ट्री में मंगलवार सुबह भीषण आग लगने से बच्चे समेत चार लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि चार मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर पहुंची दमकल की टीमों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।

चार मजदूर गंभीर, 95 प्रतिशत तक झुलसे

हादसे में अब्दुल वाहिद की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि तीन अन्य मृतकों की पहचान अभी नहीं हो सकी है। मृतकों में एक बच्चा भी शामिल बताया जा रहा है। वहीं नासिर खान (23), समीर खान (30), बिलाल (30) और आदिब (25) गंभीर रूप से झुलस गए हैं, जिन्हें एसएमएस अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

एसएमएस अस्पताल के प्लास्टिक सर्जन डॉ. आर.के. जैन के मुताबिक समीर और नासिर करीब 95 प्रतिशत तक झुलस चुके हैं, जबकि बिलाल 75 प्रतिशत और आदिब 65 प्रतिशत तक आग की चपेट में आए हैं।

Jaipur Fire news: ज्वलनशील सामग्री ने बढ़ाई आग की भयावहता

जयपुर कलेक्टर संदेश नायक ने बताया कि आयशा नगर तलाई क्षेत्र स्थित फैक्ट्री में किसी ज्वलनशील पदार्थ के कारण आग लगने की आशंका है। फैक्ट्री में बड़ी मात्रा में पटाखे और आतिशबाजी का सामान रखा था, जिससे आग ने कुछ ही मिनटों में विकराल रूप ले लिया।

Jaipur Fire news: स्थानीय लोगों ने बचाई कई जानें

स्थानीय निवासी हाशिम अंसारी ने बताया कि सूचना मिलते ही वे मौके पर पहुंचे और टैंकर के पाइप की मदद से अंदर फंसे लोगों को निकालने का प्रयास किया। उन्होंने तीन से चार लोगों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन आग इतनी भीषण थी कि बाकी लोगों तक पहुंचना संभव नहीं हो सका। बचाव कार्य के दौरान उनका पैर भी झुलस गया।

अवैध फैक्ट्री संचालन पर विधायक ने उठाए सवाल

किशनपोल विधायक अमीन कागजी ने घटना के बाद प्रशासन और पुलिस पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि रिहायशी इलाके में बारूद और पटाखों का गोदाम चल रहा था, लेकिन संबंधित विभागों को इसकी जानकारी नहीं होना गंभीर लापरवाही है। उन्होंने फैक्ट्री को अवैध बताते हुए मामले में मिलीभगत की आशंका भी जताई।

LPG सिलेंडर समय रहते निकाला गया

फैक्ट्री के अंदर एक एलपीजी सिलेंडर भी रखा हुआ था, जिसे समय रहते बाहर निकाल लिया गया। इससे संभावित बड़े विस्फोट को टालने में मदद मिली। हालांकि फैक्ट्री में रखा अधिकांश पटाखा और आतिशबाजी का सामान जलकर राख हो गया।

पुलिस और प्रशासन ने शुरू की जांच

घटना की सूचना मिलते ही जयपुर पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल और डीसीपी ईस्ट रंजीत शर्मा मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आग लगने के कारणों के साथ-साथ फैक्ट्री के लाइसेंस एवं सुरक्षा मानकों की जांच शुरू कर दी है।

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