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Parvatasana Benefits: क्या हाथ-पैरों में सुन्नपन और दिनभर थकान बन गई है समस्या? पर्वतासन से मिल सकती है इन परेशानियों से राहत

पर्वतासन करते व्यक्ति की तस्वीर, जिसमें Parvatasana Benefits के अनुसार रक्त संचार और तनाव में राहत दिखाई गई है
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Parvatasana Benefits: नवंबर का महीना है और सर्द हवा से हमारे हाथ-पैर ठंडे हो जाते है। साथ ही इस मौसम में ब्लड सर्कुलेशन कम हो जाता है और शरीर में सुस्ती बनी रहती है। कई लोगों के ठंड की वजह हाथ-पैरों में झनझनाहट का एहसास होता है। इस परेशानी को दूर करने के लिए व्यक्ति तासीर में गर्म चीजों का सेवन करता है, लेकिन लाभ नहीं पहुंचता। इसीलिए आज हम आपको एक ऐसे आसान के बारे में बताने वाले है जिसकी मदद से आपको इसमें राहत मिल सकती है।

पर्वतासन करते व्यक्ति की तस्वीर, जिसमें Parvatasana Benefits के अनुसार रक्त संचार और तनाव में राहत दिखाई गई है
पर्वतासन करते व्यक्ति की तस्वीर, जिसमें Parvatasana Benefits के अनुसार रक्त संचार और तनाव में राहत दिखाई गई है

ठंड में हाथ-पैरों की झनझनाहट कैसे कम करता है Parvatasana?

इस झनझनाहट के बचाव के लिए भारत सरकार का आयुष मंत्रालय पर्वतासन करने की सलाह देता है। रोजाना पर्वतासन करने से हमारे शरीर का रक्त संचार तेज होने के साथ कंधों को मजबूत बनाने में मदद करता है। पर्वतासन नाम से ही अर्थ साफ है यानि पहाड़, इसमें हमारा शरीर पहाड़ की चोटी के सामान नजर आता है। इस आसन को आप वज्रासन या पद्मासन में बैठकर कर सकते है। यही कारण है कि इस आसन को करने के लिए उम्र मायने नहीं रखती, हर उम्र का व्यक्ति इस आसन को आसानी से कर सकता है।

पर्वतासन करते व्यक्ति की तस्वीर, जिसमें Parvatasana Benefits के अनुसार रक्त संचार और तनाव में राहत दिखाई गई है
पर्वतासन करते व्यक्ति की तस्वीर, जिसमें Parvatasana Benefits के अनुसार रक्त संचार और तनाव में राहत दिखाई गई है

एक्सपर्ट द्वारा बताया गया सही तरीका: ऐसे करें पर्वतासन

एक्सपर्ट के अनुसार, पर्वतासन के लिए पहले वज्रासन या सुखासन की मुद्रा में पीठ को सीधा करके बैठ जाएं। जिसके बाद दोनों हाथ सिर के ऊपर ले जाए अथवा दोनों हाथों की उंगलियों को आपस में लॉक करें। अब आपको धीरे-धीरे सांस भरते हुए हाथों को ऊपर की ओर खींचना है। अपने कंधे कान से दूर रखें। इसी पोजीशन में 15 से 20 सेकंड तक के लिए रहे। इसके बाद धीरे-धीरे सांस छोड़ते हुए हाथो को नीचे लाएं। इसी तरह आपको इस आसन को 5 से 10 बार दोहराना होगा।

पर्वतासन करते व्यक्ति की तस्वीर, जिसमें Parvatasana Benefits के अनुसार रक्त संचार और तनाव में राहत दिखाई गई है
पर्वतासन करते व्यक्ति की तस्वीर, जिसमें Parvatasana Benefits के अनुसार रक्त संचार और तनाव में राहत दिखाई गई है

किन लोगों को नहीं करना चाहिए Parvatasana?

इस आसन को करने से शरीर में रक्त संचार तेज होने के कारण हाथ-पैर गर्म रहते हैं। साथ ही कंधे, गर्दन और कमर का दर्द-जकड़न दूर हो सकता है। यही नहीं फेफड़े मजबूत होते हैं। जिन लोगों को थायरॉइड और डायबिटीज की समस्या है उनके लिए भी यह आसान फायदेमंद है। लेकिन इस आसन को करने से पूर्व कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है। जैसे हाई ब्लड प्रेशर के मरीज, कंधे अथवा गर्दन में चोट हो या ऑपरेशन हुआ हो और गर्भवती महिलाओं को डॉक्टर की सलाह के बिना पर्वतासन का अभ्यास नहीं करना चाहिए।

Disclaimer: यह लेख समस्या जानकारी के लिए साझा किया गया है। किसी भी प्रकार की स्वास्थ्य से संबंधित परेशानी होने पर विशेषज्ञों की सलाह अवश्य लें।

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