Petrol price: देशभर में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 3-3 रुपए प्रति लीटर की बढ़ोतरी के बाद इसका असर छत्तीसगढ़ में भी देखने को मिला। राजधानी रायपुर और बिलासपुर सहित कई शहरों में पेट्रोल पंपों पर भारी भीड़ उमड़ रही है। कई पंपों पर ईंधन खत्म होने के कारण अस्थायी रूप से ‘ड्राई आउट’ की स्थिति बन गई है। रायपुर में पेट्रोल 103.58 रुपए और डीजल 96.57 रुपए प्रति लीटर पर मिल रहा है, जबकि निजी कंपनी जियो ने 5 रुपए प्रति लीटर तक दर बढ़ा दी है।
रायपुर और बिलासपुर में पंपों पर दबाव
रायपुर शहर में कुल 326 पेट्रोल पंप हैं, जिनमें से 35 पंप अस्थायी रूप से ड्राई हो गए हैं। बिलासपुर, दुर्ग, भिलाई और अन्य शहरों में भी लोगों की भीड़ बढ़ गई है। वाहन चालक “बाद में दिक्कत न हो” सोचकर टैंक फुल करवा रहे हैं, जिससे पंपों पर दबाव और अधिक बढ़ गया है। प्रशासन का कहना है कि यह स्थिति अधिकतर अफवाहों और घबराहट के कारण बनी है।
Petrol price: महंगाई का असर रोजमर्रा की जिंदगी पर
पेट्रोल-डीजल की बढ़ी कीमतों का असर सिर्फ वाहन चालकों तक सीमित नहीं रहेगा। ट्रांसपोर्ट महंगा होने से सब्जियों, राशन और अन्य रोजमर्रा की जरूरत की चीजों की कीमतों पर असर पड़ेगा। किसानों के लिए खेती की लागत बढ़ेगी और सार्वजनिक परिवहन का किराया भी बढ़ सकता है।
प्रशासन और राजनीतिक प्रतिक्रिया
रायपुर जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि घबराकर जरूरत से ज्यादा ईंधन न भरवाएं और यदि किसी पंप पर ब्लैक मार्केटिंग की शिकायत मिले तो तुरंत प्रशासन को सूचित करें। वहीं, पीसीसी चीफ दीपक बैज ने पेट्रोल-डीजल संकट और बढ़ती कीमतों को लेकर केंद्र और राज्य सरकार पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि सरकार राहत देने के बजाय जनता पर महंगाई का बोझ बढ़ा रही है और प्रदेश में कई पंप खाली पड़े हैं, जिससे लोग घंटों लाइन में खड़े हैं।
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