UP News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव की बेटी अदिति यादव को लेकर सोशल मीडिया पर की गई आपत्तिजनक टिप्पणियों के मामले में पहली बार सार्वजनिक प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि किसी भी बेटी के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी स्वीकार नहीं की जा सकती। उन्होंने बताया कि मामला संज्ञान में आते ही पुलिस को एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए गए थे।
बेटी, बेटी होती है और उसका सम्मान होना चाहिए
दरअसल, आज आजमगढ़ में 955 करोड़ रुपये की 39 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटी, बेटी होती है और उसका सम्मान होना चाहिए। मैं पिछले दिनों देख रहा था कि समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव की पुत्री के खिलाफ कुछ लोगों ने गलत टिप्पणियां की थीं। यह मामला मेरे संज्ञान में आया तो मैंने तत्काल पुलिस से कहा कि इसमें एफआईआर दर्ज कराई जाए। बेटी के खिलाफ कोई भी अपमानजनक टिप्पणी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सीएम योगी ने कहा कि भारतीय संस्कृति में बेटियों के सम्मान को सर्वोच्च स्थान दिया गया है। हम तो उस संस्कार में पले-बढ़े हैं, जहां कहा जाता है कि गांव की बेटी सबकी बेटी होती है और गांव की बहन सबकी बहन होती है। हमने कभी कोई भेदभाव नहीं किया।
अखिलेश जी, अपने चेले-चपाटों को भी थोड़ा उपदेश दे दो कि अपनी भाषा पर संयम कर लें…
नहीं समझा सकते तो हमारे हवाले कर दो, हम उनको अच्छी तरह समझा देंगे… pic.twitter.com/93ZpfBLITi
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) June 13, 2026
इस दौरान मुख्यमंत्री ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर भी निशाना साधते हुए कहा कि दूसरों को नसीहत देने के साथ-साथ उन्हें अपने कार्यकर्ताओं और समर्थकों को भी मर्यादित भाषा का पाठ पढ़ाना चाहिए। उन्होंने कहा कि अखिलेश जी दूसरों को उपदेश देते हैं तो अपने चेलों-चपाटों को भी थोड़ा उपदेश दे दें कि वे अपनी भाषा पर संयम रखें। दूसरों पर टिप्पणी करने से पहले स्वयं भी सोचना चाहिए। योगी आदित्यनाथ ने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी के कुछ लोग बहनों, बेटियों, बुजुर्गों, दिवंगत व्यक्तियों और वरिष्ठ नेताओं के प्रति भी अमर्यादित भाषा का प्रयोग करते हैं। उन्होंने कहा कि सपा प्रमुख अखिलेश उन्हें समझाइए और अगर वे नहीं समझते हैं तो उन्हें हमारे हवाले कर दीजिए, हम उन्हें समझा देंगे। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन महिलाओं और बेटियों के सम्मान के मुद्दे पर किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जा सकता।
उन्होंने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक जीवन में शालीनता और मर्यादा बनाए रखना सभी राजनीतिक दलों और उनके कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आजमगढ़ जिले में 955 करोड़ रुपये की लागत वाली 39 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया। इस अवसर पर प्रदेश सरकार में मंत्री ओमप्रकाश राजभर समेत कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।
ये भी पढ़े… ‘370 रुपये की बिरयानी’ विवाद पर झुके कॉमेडियन प्रणित मोरे ने मांगी माफी








