Uttrakhand news: देहरादून में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड महक क्रांति नीति 2026-36 का शुभारंभ किया। इस कार्यक्रम में 5 नए सैटेलाइट सेंटरों और एएमएस (सी-14) प्रयोगशाला का शिलान्यास किया गया है। साथ ही सैटेलाइट सेंटर भाऊवाला का लोकार्पण भी हुआ। इन सेंटरों के जरिए किसानों को आधुनिक तकनीक और प्रशिक्षण मिलेगा, जिससे उनकी खेती और भी प्रभावशाली होगी।
एक लाख किसानों तक योजना पहुंचाने का लक्ष्य
सीएम पुष्कर सिंह धामी ने बताया कि यह नीति किसानों के लिए एक बड़ी पहल है और इससे उन्हें सीधा फायदा मिलेगा। अभी लगभग 20-25 हजार किसान इस पहल से जुड़े हैं, लेकिन राज्य सरकार का लक्ष्य इसे बढ़ाकर एक लाख किसानों तक पहुंचाना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस नीति के जरिए किसानों को सघन खेती से जोड़ा जाएगा, जिससे उनकी आमदनी और उत्पादन दोनों बढ़ेंगे।
Uttrakhand news: सघन खेती से बढ़ेगा टर्नओवर
सीएम धामी ने मीडिया से बातचीत में बताया कि इस समय नीति का कुल टर्नओवर लगभग 1,000 करोड़ रुपए का है और आने वाले समय में इसे 10-12 गुना बढ़ाकर 12-13 हजार करोड़ रुपए तक ले जाने का लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में सघन खेती के लिए अपार संभावनाएं हैं, क्योंकि यहां कई तरह की फसलें और वनस्पतियां उगाई जाती हैं। इनका इस्तेमाल सघन खेती में होगा और उत्पादन भी बढ़ेगा। इससे राज्य पूरे देश के लिए एक उदाहरण बनेगा।
Uttrakhand news: आय और रोजगार बढ़ाने का भी दावा
धामी ने कहा कि इस पहल से न केवल किसानों की आमदनी बढ़ेगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी खुलेंगे। किसान ज्यादा उत्पादन करेंगे, उनकी आय बढ़ेगी और राज्य का विकास भी होगा। मुख्यमंत्री ने किसानों से अपील की कि वे इस नई नीति को अपनाएं और सघन खेती के जरिए अपनी जमीन और आमदनी को लाभ पहुंचाएं।
महक क्रांति नीति 2026–36 से किसानों को नई राह
बता दें कि उत्तराखंड महक क्रांति नीति 2026-36 किसानों के लिए एक बड़ा अवसर है। इसका उद्देश्य ज्यादा किसानों को सघन और सुगंधित खेती से जोड़ना, उत्पादन और आमदनी बढ़ाना, रोजगार के अवसर पैदा करना और राज्य में आधुनिक कृषि तकनीक को बढ़ावा देना है।
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