Defense: भारत और रवांडा के बीच मंगलवार को एक महत्वपूर्ण संयुक्त आयोग की बैठक आयोजित की गई, जिसमें दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक की सह-अध्यक्षता विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह और रवांडा के विदेश एवं अंतरराष्ट्रीय सहयोग मंत्री ओलिवियर जेपी नदुहुंगिरेहे ने की।
रक्षा, कृषि और व्यापार पर चर्चा
बैठक में दोनों देशों के रक्षा, कृषि, व्यापार और निवेश, स्वास्थ्य, शिक्षा, विज्ञान और प्रौद्योगिकी, डिजिटल प्लेटफार्म और संस्कृति से जुड़े मुद्दों पर गहरी चर्चा की गई। विशेष ध्यान दोनों देशों के बीच आर्थिक और व्यापारिक संबंधों को और मजबूत बनाने पर केंद्रित था।
Defense: सांस्कृतिक आदान-प्रदान पर हस्ताक्षर
इस बैठक में वर्ष 2026-30 के लिए एक सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम (सीईपी) पर हस्ताक्षर किए गए। इससे दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक और जनसंपर्क को बढ़ावा मिलेगा। इस अवसर पर विदेश मंत्रालय के आर्थिक संबंध सचिव सुधाकर दलेला और अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।
भारतीय निवेशकों का रवांडा में बढ़ता प्रभाव
रवांडा में भारतीय निवेशकों का प्रभाव बढ़ रहा है, खासकर गुजरात से। रवांडा सरकार ने भारतीय निवेशकों के लिए अपने देश के अनुकूल माहौल और भ्रष्टाचार के प्रति शून्य सहनशीलता को बढ़ावा दिया है। भारत रवांडा में दूसरा सबसे बड़ा विदेशी निवेशक और व्यापारिक भागीदार है, जो कई महत्वपूर्ण सामान जैसे दवाइयां, आईसीटी मशीनरी और चावल आयात करता है।
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