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विधानसभा में CM विजय का विपक्ष पर हमला, बोले- महिलाओं के खिलाफ अभद्र भाषा बर्दाश्त नहीं करूंगा

CM Vijay Assembly Warning:

CM Vijay Assembly Warning: तमिलनाडु विधानसभा सत्र के दौरान सोमवार को मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने विपक्षी दल DMK पर जमकर हमला बोला। विधानसभा में बोलते हुए विजय ने अपनी राजनीतिक जीत में महिलाओं की भूमिका को अहम बताया और कहा कि महिलाओं के खिलाफ किसी भी तरह की अभद्र भाषा को वह बर्दाश्त नहीं करेंगे।

CM Vijay Assembly Warning: महिलाओं के खिलाफ अभद्र भाषा पर सख्त हुए विजय-

मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि उनकी राजनीतिक सफलता के पीछे महिलाओं का बड़ा योगदान है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राजनीतिक आलोचना भले ही तीखी हो सकती है, लेकिन महिलाओं के खिलाफ अपमानजनक या अभद्र टिप्पणी स्वीकार नहीं की जाएगी। विजय ने विधानसभा में कहा कि लोगों ने अन्ना, एमजीआर, एनटीआर और अब विजय जैसे नेताओं को जनादेश दिया है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।

CM Vijay Assembly Warning: DMK पर भ्रष्टाचार के लगाए आरोप-

विजय ने अपने भाषण के दौरान DMK पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप भी लगाए। उन्होंने पूर्व मंत्री सेंथिल बालाजी और उनके सहयोगियों पर TASMAC की दुकानों से कथित तौर पर 10 से 100 रुपये तक की वसूली करने का आरोप लगाया। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि इस पूरे मामले को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया। उन्होंने कहा कि जहां भी DMK मौजूद है, वहां गलत काम होते हैं।

सरकारिया आयोग की रिपोर्ट का किया जिक्र-

मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि DMK ने उन्हें तीन विभागों की फाइलें खोलने की चुनौती दी है। उन्होंने कहा कि इन विभागों में DMK सरकार के दौरान भ्रष्टाचार होने के आरोप लगाए गए थे। विजय ने कहा कि इन मामलों पर आगे बढ़ने से पहले वह 1988 में बनी सरकारिया आयोग की रिपोर्ट पढ़ना चाहते हैं। उन्होंने दावा किया कि आयोग ने तत्कालीन मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि पर पद के कथित दुरुपयोग के आरोप लगाए थे। विजय ने ED की ओर से लगाए गए आरोपों का भी जिक्र किया और कहा कि पिछली सरकार के दौरान पार्टी फंड के नाम पर पैसे इकट्ठा करने के आरोप सामने आए थे।

वोट नहीं देने वालों को लेकर भी साधा निशाना-

मुख्यमंत्री विजय ने DMK के एक नेता के कथित बयान का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अगर किसी राजनीतिक दल की सोच ऐसी है कि उसे वोट नहीं देने वालों को मर जाना चाहिए, तो फिर उसे राजनीतिक दल बने रहने का क्या अधिकार है। उन्होंने कहा कि यही लोग पिछले 50 वर्षों से DMK को वोट देते आए हैं। विजय ने सवाल उठाया कि ऐसी सोच रखने वाली पार्टी जनता का प्रतिनिधित्व कैसे कर सकती है।

DMK ने विजय पर किया पलटवार-

वहीं, DMK ने भी मुख्यमंत्री विजय के बयान पर पलटवार किया। DMK नेता आरएस भारती ने आरोप लगाया कि विजय विधानसभा में फिल्मों की तरह व्यवहार कर रहे थे और दर्शकों को प्रभावित करने वाला रवैया अपना रहे थे। भारती ने सरकारिया आयोग के मुद्दे पर विजय को घेरते हुए कहा कि जिस समय की शिकायत और घटनाओं का जिक्र किया जा रहा है, उस समय विजय का जन्म भी नहीं हुआ था। उन्होंने कहा कि इन मामलों को कई दशक बीत चुके हैं और जनता पहले ही इन मुद्दों को खत्म कर चुकी है।

भारती ने कहा कि DMK इसके बाद कई बार सत्ता में आ चुकी है। उन्होंने विजय पर जनता और अपने दर्शकों को गुमराह करने की कोशिश करने का आरोप लगाया। तमिलनाडु की राजनीति में यह बयानबाजी ऐसे समय में सामने आई है, जब मुख्यमंत्री विजय और DMK के बीच विधानसभा के भीतर राजनीतिक टकराव लगातार बढ़ता दिखाई दे रहा है

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