Daler Mehndi: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रसिद्ध गायक दलेर मेहंदी से बातचीत कर उनका हाल-चाल पूछा है। इस दौरान दोनों के बीच पिछले दिनों हुए घटनाक्रम को लेकर भी चर्चा हुई। धामी ने कहा कि उत्तराखंड की पहचान अपनी लोकसंस्कृति, आत्मीय आतिथ्य और सौहार्द की भावना से है। उन्होंने इस पूरे विवाद को पीछे छोड़कर आपसी संवाद और सकारात्मकता के साथ आगे बढ़ने की अपील की। इससे पहले मुख्यमंत्री ने दलेर मेहंदी के छोटे भाई और गायक मीका सिंह से भी बातचीत की थी।
Daler Mehndi: सीएम धामी ने सोशल मीडिया पर दी जानकारी-
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर दलेर मेहंदी के साथ हुई बातचीत की जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि गायक से उनका हाल-चाल पूछने के साथ पिछले दिनों हुए घटनाक्रम पर भी चर्चा की गई। धामी ने अपने संदेश में कहा कि देवभूमि उत्तराखंड ‘अतिथि देवो भवः’ की समृद्ध परंपरा का संवाहक है। राज्य की लोकसंस्कृति, आत्मीय आतिथ्य और सौहार्द की भावना उसकी विशिष्ट पहचान है। यहां कला, संस्कृति और कलाकारों का हमेशा स्वागत और सम्मान किया जाता रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनका प्रयास है कि इस घटनाक्रम को पीछे छोड़कर आपसी संवाद, सौहार्द और सकारात्मकता की भावना के साथ आगे बढ़ा जाए।
Daler Mehndi: कुंजापुरी मेले में दलेर मेहंदी की प्रस्तुति पर हुआ था विवाद-
दरअसल, उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले के नरेंद्र नगर में 18 अक्टूबर को कुंजापुरी मेले के दौरान दलेर मेहंदी की प्रस्तुति को लेकर विवाद हो गया था। नवरात्र के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम में राज्य के कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने मंच पर ही दलेर मेहंदी के गायन पर सवाल उठाए थे। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में मंत्री सुबोध उनियाल गायक से कहते हुए सुनाई देते हैं कि उन्हें कार्यक्रम के लिए काफी पैसे देकर बुलाया गया है, लेकिन उनकी प्रस्तुति उम्मीद के मुताबिक नहीं है। उन्होंने दलेर मेहंदी के गाने को लेकर भी नाराजगी जताई थी। इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद मामला चर्चा में आ गया और सोशल मीडिया पर भी इसे लेकर प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं।
मीका सिंह ने भी किया था भाई का बचाव-
विवाद के बीच दलेर मेहंदी के छोटे भाई और प्रसिद्ध गायक मीका सिंह ने भी वीडियो जारी कर उनका बचाव किया था। उन्होंने इस घटनाक्रम पर अपनी प्रतिक्रिया दी थी। अब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की दलेर मेहंदी से बातचीत को विवाद के बीच संवाद और सौहार्द की दिशा में एक कदम के तौर पर देखा जा रहा है। मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कलाकारों के सम्मान और उत्तराखंड की अतिथि सत्कार की परंपरा पर जोर देते हुए इस मामले को पीछे छोड़कर सकारात्मक माहौल में आगे बढ़ने की बात कही है।
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