‘Vande Mataram’ controversy: ‘वंदे मातरम’ के गायन को लेकर कांग्रेस के हालिया फैसले पर भाजपा नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान, भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर और बिहार सरकार के मंत्री विजय सिन्हा ने कांग्रेस पर वोटबैंक की राजनीति और तुष्टिकरण का आरोप लगाते हुए कहा कि देश ‘वंदे मातरम’ के अपमान को स्वीकार नहीं करेगा।
शिवराज बोले- ‘वंदे मातरम’ भारत का गौरव
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार को पटना में कहा कि हजारों क्रांतिकारियों ने ‘वंदे मातरम’ का उद्घोष करते हुए देश की आजादी के लिए अपने प्राण न्योछावर किए। उन्होंने कहा कि ‘वंदे मातरम’ भारत का गौरव है और इसका पूरा गायन नहीं करना केवल गीत का ही नहीं, बल्कि भारत माता का भी अपमान है। शिवराज ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि उसकी ‘लीगी मानसिकता’ अभी तक नहीं बदली है। उन्होंने दावा किया कि 1937 में मुस्लिम लीग के दबाव में कांग्रेस ने पूरा ‘वंदे मातरम’ नहीं गाने का फैसला किया था। उनके मुताबिक, कांग्रेस आज भी भारत की संस्कृति, परंपराओं और जीवन मूल्यों से जुड़ने के बजाय वोटबैंक की राजनीति कर रही है।
‘Vande Mataram’ controversy: ‘क्या कांग्रेस संसद और संविधान से ऊपर है?’
शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस से सवाल किया कि क्या वह संसद और संविधान से ऊपर है। उन्होंने कहा कि भारत माता के अपमान को देश बर्दाश्त नहीं करेगा और कांग्रेस को देश कभी माफ नहीं करेगा।
अनुराग ठाकुर ने भी साधा निशाना
भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर कांग्रेस के फैसले को लेकर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस कार्य समिति ने ‘वंदे मातरम’ के केवल दो छंद गाने का निर्णय लिया है और पार्टी खुद को देश तथा संविधान से ऊपर मानती है। अनुराग ठाकुर ने कहा कि संसद द्वारा पारित कानूनों का पालन देशवासियों को करना होता है। उन्होंने कांग्रेस पर संविधान के अपमान का आरोप लगाते हुए कहा कि देश इसे स्वीकार नहीं करेगा।
‘Vande Mataram’ controversy: विजय सिन्हा बोले- ‘कांग्रेस मानसिक तौर पर गुलाम’
बिहार सरकार में मंत्री विजय सिन्हा ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस मानसिक तौर पर गुलाम है और उसके नेता बंधुआ मजदूर की तरह व्यवहार कर रहे हैं। उन्होंने कांग्रेस पर तुष्टिकरण की राजनीति करने का आरोप लगाया। विजय सिन्हा ने कहा कि जो भारत माता का सम्मान नहीं करेगा, उसे देश स्वीकार नहीं करेगा। उन्होंने कांग्रेस के फैसले को पार्टी के लिए आत्मघाती बताते हुए कहा कि देश की संस्कृति और राष्ट्रभावना से जुड़े मुद्दों पर इस तरह की राजनीति का नुकसान कांग्रेस को ही उठाना पड़ेगा।
‘वंदे मातरम’ पर सियासत तेज
‘वंदे मातरम’ के गायन को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा जहां इसे राष्ट्रभक्ति और भारत के गौरव से जोड़कर कांग्रेस पर सवाल उठा रही है, वहीं कांग्रेस के रुख को लेकर विपक्षी दलों की ओर से भी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। ऐसे में यह मुद्दा आने वाले दिनों में राजनीतिक बहस का केंद्र बन सकता है। भाजपा नेताओं द्वारा कांग्रेस पर लगाए गए ‘वोटबैंक’, ‘तुष्टिकरण’ और ‘भारत माता के अपमान’ जैसे आरोप उनके राजनीतिक बयान हैं।
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