Iran US proposals: ईरान की संसद के स्पीकर मोहम्मद बग़र ग़ालिबाफ़ ने दावा किया है कि अमेरिका ने हाल के दिनों में एक मध्यस्थ के जरिए ईरान को कुछ प्रस्ताव भेजे हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिकी अधिकारी मीडिया में भले ही कुछ और बयान देते हों, लेकिन पर्दे के पीछे मध्यस्थों के जरिए प्रस्ताव भेजे गए हैं।
Iran US proposals: अमेरिका ने भेजे कुछ प्रस्ताव, ग़ालिबाफ़ का दावा-
बीबीसी फ़ारसी के मुताबिक, ग़ालिबाफ़ ने संसद के सत्र में कहा कि अमेरिकी अधिकारियों ने हाल ही में मध्यस्थों के जरिए कुछ प्रस्ताव भेजे हैं। हालांकि, उन्होंने इन प्रस्तावों की जानकारी सार्वजनिक नहीं की। ग़ालिबाफ़ ने कहा कि जब तक इस्लामाबाद समझौता ज्ञापन के आधार पर रखी गई ईरान की सात शर्तें पूरी नहीं होतीं, तब तक होर्मुज़ स्ट्रेट नहीं खोला जाएगा।
Iran US proposals: छह सदस्यीय समिति करेगी अमेरिका से बातचीत-
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बग़ाई ने बताया कि सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के तहत काम करने वाली छह सदस्यीय समिति अमेरिका के साथ होने वाली वार्ताओं का नेतृत्व करेगी। हाल ही में ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान ने भी एक छह सदस्यीय टीम का जिक्र किया था। उन्होंने कहा था कि अमेरिका से जुड़े मामलों में इसी टीम को फैसले लेने का अधिकार है और सभी निर्णय उसके साथ समन्वय के बाद लागू किए जाते हैं।
समिति में कौन-कौन शामिल-
सीबीएस को दिए इंटरव्यू के बाद ईरानी सरकारी मीडिया ने समिति के सदस्यों के बारे में जानकारी दी। इसमें राष्ट्रपति, संसद अध्यक्ष, सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव, सशस्त्र बलों के प्रमुख, आईआरजीसी के कमांडर-इन-चीफ और एक अन्य सदस्य शामिल हैं।
अब्बास अराग़ची की सदस्यता की पुष्टि-
इस्माइल बग़ाई के ताजा बयान से विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची की भी इस उच्चस्तरीय समिति में सदस्यता की पुष्टि हो गई है। बग़ाई ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि समिति में विदेश मंत्री की मौजूदगी यह दिखाती है कि ईरान का कूटनीतिक तंत्र राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े बड़े फैसलों के साथ पूरी तरह समन्वय में काम कर रहा है।









