West Bengal: चुनावी दौर बेसक ख़त्म हो गया हो, नया मुख्ययमंत्री मिल गया हो लेकिन जो माहौल है वह थमने का नाम नहीं ले रहा है। आज वकील के लिबास में कलकत्ता हाईकोर्ट पहुंची पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को देखकर वहां खड़ी वकीलों की भीड़ ने ‘चोर पीशी, चोर भाईपो’ के नारे लगाये। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है।
क्या था पूरा मामला?
तृणमूल कांग्रेस चीफ ममता बनर्जी एक बार फिर काला कोट पहनकर कोर्ट में दलीलें देने पहुंची। कलकत्ता हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस सुजॉय पाल और जस्टिस पार्थसारथी सेन के सामने ममता पेश हुईं। मामला विधानसभा चुनावों के नतीजों के बाद हुई चुनावी हिंसा से जुड़ी जनहित याचिका का था। सुनवाई के दौरान ममता ने कोर्ट को बताया कि राज्य में हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों के बाद बड़े पैमाने पर हिंसा हुई। इसमें बुलडोजर एक्शन भी शामिल है। पुलिस FIR दर्ज करने की परमिशन नहीं दे रही है। उन्होंने तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर हमले, आगजनी और हत्याओं के आरोप लगाते हुए कोर्ट से सुरक्षा और निष्पक्ष जांच की मांग की। इधर, सुनवाई के बाद जब ममता कोर्ट रूम से बाहर निकलीं, तो गलियारों में मौजूद वकीलों की भीड़ ने उन्हें घेर लिया। ये सभी ममता को देखकर बुआ चोर–भतीजे चोर के नारे लगाने लगे।
ममता बनर्जी इससे पहले भी एसआईआर के मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट में बतौर वकील दलील पेश कर चुकी हैं। बता दें कि, यह याचिका TMC नेता और वकील कल्याण बंदोपाध्याय के बेटे शीर्षान्या बंदोपाध्याय ने दायर की थी। ममता बनर्जी ने 1982 में जोगेश चंद्र कॉलेज ऑफ लॉ से अपनी कानून की डिग्री हासिल की थी।
West Bengal: विधानसभा चुनावों में मिली करारी हार
आपको ज्ञात होगी कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में ममता बनर्जी की करारी हुई है। इस चुनाव में भाजपा को 207 सीटें मिली हैं। वहीं, टीएमसी को 80 सीटें मिली हैं। पूर्व सीएम ममता बनर्जी का कहना था कि बीजेपी ने 100 सीटें लूट ली हैं। वहीं, प्रचंड बहुमत के बाद पश्चिम बंगाल में 9 मई को सुवेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है।
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