Why Diets Fail: अक्सर लोग वजन घटाने की शुरुआत सख्त डाइट और ज्यादा एक्सरसाइज के साथ करते हैं। शुरुआत में वजन तेजी से घटता है, लेकिन कुछ समय बाद यह प्रक्रिया धीमी हो जाती है और कई बार वजन फिर से बढ़ने लगता है। यह एक सामान्य पैटर्न है जिसे डॉक्टर क्लिनिकल प्रैक्टिस में अक्सर देखते हैं।
Why Diets Fail: हर चार में से एक व्यक्ति है मोटापे से परेशान-
भारत में मोटापा एक बड़ी समस्या बन चुका है। NFHS-5 (2019–21) के अनुसार, लगभग हर 4 में से 1 वयस्क मोटापे से प्रभावित है। वहीं ICMR और लैंसेट रिपोर्ट बताती है कि बड़ी आबादी एब्डॉमिनल ओबेसिटी और मेटाबॉलिक समस्याओं से जूझ रही है।
Why Diets Fail: शुरुआती दिनों में वजन तेजी से क्यों घटता है-
डाइटिंग की शुरुआत में वजन कम होने की मुख्य वजह कैलोरी डेफिसिट और शरीर में जमा ग्लाइकोजन का इस्तेमाल होता है। ग्लाइकोजन पानी के साथ जुड़ा होता है, इसलिए शुरुआती वजन घटाव में पानी की कमी भी शामिल होती है। जैसे-जैसे कैलोरी कम होती है, शरीर ऊर्जा बचाने के लिए मेटाबॉलिज्म धीमा कर देता है, जिससे आगे वजन घटाना मुश्किल हो जाता है।
Why Diets Fail: मेटाबॉलिज्म और हार्मोन का बदलता संतुलन-
जब आप लंबे समय तक डाइटिंग करते है, तो आपके अंदर के भूख और संतुष्टि को नियंत्रित करने वाले हार्मोन प्रभावित होते हैं। भूख बढ़ाने वाले हार्मोन सक्रिय हो जाते हैं। पेट भरा होने का संकेत देने वाले हार्मोन कमजोर पड़ जाते हैं, शरीर के अंदर की क्रेविंग्स हाई-कैलोरी फूड के लिए बढ़ जाती हैं। इसके अलावा अगर प्रोटीन कम हो और एक्सरसाइज न हो, तो शरीर मांसपेशियों को भी ऊर्जा के लिए तोड़ने लगता है, जिससे मेटाबॉलिज्म और धीमा हो जाता है।
शहरी लाइफस्टाइल और कम फिजिकल एक्टिविटी-
WHO के अनुसार, लगभग 50% भारतीय पर्याप्त शारीरिक गतिविधि नहीं करते। ऐसे में डाइट छोड़ने के बाद शरीर कम कैलोरी खर्च करता है और वजन तेजी से वापस बढ़ सकता है।
डाइट की क्वालिटी क्यों है सबसे अहम-
अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड, ज्यादा चीनी, नमक और रिफाइंड कार्ब्स शरीर में फैट बढ़ाते हैं और भूख को भी बढ़ाते हैं। इसके अलावा, आर्थिक और सामाजिक कारण भी डाइट को लंबे समय तक बनाए रखना मुश्किल बनाते हैं।
मानसिक और व्यवहारिक चुनौतियां-
डाइट को लगातार फॉलो करना मानसिक रूप से चुनौतीपूर्ण होता है। बिजी लाइफस्टाइल, ट्रैवल और सोशल ईटिंग, मोटिवेशन में कमी, पुरानी खाने की आदतें, आदि। जैसे यह ढेरों बहाने डाइट को बीच में छोड़ने की आदत को बढ़ाते हैं।
शरीर बार-बार डाइटिंग पर कैसे प्रतिक्रिया देता है-
हर बार जब आप वजन घटाकर डाइट छोड़ते हैं, शरीर खुद को “सेफ मोड” में डाल देता है। इससे मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है। भूख वापस बढ़ने लगती है। जिससे वजन वापस बढ़ाना आसान हो जाता है
कब लें मेडिकल सलाह-
अगर लगातार कोशिशों के बावजूद वजन कंट्रोल नहीं हो रहा है, तो मेडिकल सलाह जरूरी हो सकती है। विशेष रूप से तब जब BMI 29 से ज्यादा हो, टाइप 2 डायबिटीज हो , हाई BP या स्लीप एप्निया जैसी समस्याएं हों, ऐसे मामलों में डॉक्टर आगे की जांच और उपचार की सलाह देते हैं।
विशेषज्ञ क्या कहते हैं-
डॉ. आशीष गौतम के अनुसार, लंबे समय तक वजन नियंत्रित रखने के लिए स्थिर डाइट, पर्याप्त प्रोटीन, नियमित एक्सरसाइज और डॉक्टर की निगरानी जरूरी है। वे यह भी बताते हैं कि कुछ मामलों में वजन नियंत्रित करने के लिए सर्जिकल विकल्पों पर भी विचार किया जा सकता है।
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