Bargi Dam: मध्यप्रदेश के जबलपुर में बरगी बांध में हुए दर्दनाक क्रूज हादसे को लेकर मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने इस पूरे मामले की विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं, ताकि हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके। मुख्यमंत्री ने इस दुर्घटना को बेहद दुखद बताते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। साथ ही राहत और बचाव कार्य में जुटी टीमों की सराहना करते हुए उन्हें सम्मानित करने की घोषणा भी की गई है।
हादसे की जांच के आदेश
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने स्पष्ट किया कि बरगी बांध में हुआ यह हादसा प्रारंभिक तौर पर चक्रवाती परिस्थितियों के कारण हुआ माना जा रहा है। हालांकि, उन्होंने कहा कि घटना के सभी पहलुओं की पूरी जानकारी जांच रिपोर्ट आने के बाद ही सामने आएगी। इसी को ध्यान में रखते हुए सरकार ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए हैं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
Bargi Dam: राहत और बचाव कार्य जारी
हादसे के तुरंत बाद प्रशासन ने तेजी से राहत और बचाव कार्य शुरू किया। मुख्यमंत्री ने बताया कि पर्यटन मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी, लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों को तत्काल मौके पर भेजा गया। एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों को भी बचाव कार्य में लगाया गया। अब तक मिली जानकारी के अनुसार, करीब 29 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है। रेस्क्यू टीम ने क्रूज को काटकर फंसे हुए लोगों को बाहर निकाला, जिससे कई जिंदगियां बच सकीं।
बचाव दल का होगा सम्मान
मुख्यमंत्री ने घोषणा की है कि जिन रेस्क्यू कर्मियों ने अपनी जान जोखिम में डालकर लोगों को बचाया, उन्हें स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त के अवसर पर सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसे साहसी कार्यों को प्रोत्साहित करना जरूरी है, ताकि आपदा के समय लोग आगे बढ़कर मदद कर सकें।
Bargi Dam: मृतकों के परिजनों को सहायता
इस हादसे में हुई जनहानि को मुख्यमंत्री ने अत्यंत पीड़ादायक बताया। उन्होंने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए राज्य सरकार की ओर से प्रत्येक परिवार को चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने के निर्देश दिए हैं। सरकार ने भरोसा दिलाया है कि पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद उपलब्ध कराई जाएगी।








