Home » मध्य प्रदेश » MP में शुरू होगा नया बस सफर, सुगम परिवहन सेवा की होगी शुरुआत, मोहन-गडकरी दिखाएंगे हरी झंडी

MP में शुरू होगा नया बस सफर, सुगम परिवहन सेवा की होगी शुरुआत, मोहन-गडकरी दिखाएंगे हरी झंडी

MP में शुरू होगा नया बस सफर,

Mp Parivahan: मध्य प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को नई रफ्तार देने की तैयारी है। 25 सितंबर से प्रदेश में “सुगम परिवहन सेवा” की शुरुआत होने जा रही है। मुख्यमंत्री मोहन यादव और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी इस सेवा का शुभारंभ करेंगे। लंबे समय बाद प्रदेश में व्यवस्थित लोक परिवहन व्यवस्था को फिर से विस्तार देने की दिशा में इसे अहम कदम माना जा रहा है।

21 साल बाद फिर शुरू होगा बसों का सफर

मध्य प्रदेश में करीब 21 साल बाद राज्य स्तर पर लोक परिवहन बस सेवा को नए स्वरूप में शुरू किया जा रहा है। सुगम परिवहन सेवा का उद्देश्य आम यात्रियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और बेहतर कनेक्टिविटी उपलब्ध कराना है। शुरुआत में चयनित मार्गों पर बसों का संचालन किया जाएगा और आने वाले समय में इसका दायरा बढ़ाने की योजना है।

Mp Parivahan: 25 सितंबर को होगा सेवा का शुभारंभ

सुगम परिवहन सेवा की शुरुआत 25 सितंबर को होगी। इसके लिए राजधानी भोपाल में तैयारियां पूरी की जा रही हैं। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कार्यक्रम से पहले तैयारियों का निरीक्षण किया और बसों की व्यवस्थाओं की जानकारी ली। शुभारंभ कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी मौजूद रहेंगे और दोनों नेता बसों को हरी झंडी दिखाएंगे।

351 बसों से होगी शुरुआत

सरकार की योजना शुरुआती चरण में 351 बसों के संचालन की है। इन बसों के जरिए अलग-अलग शहरों और क्षेत्रों के बीच परिवहन सुविधा को बेहतर बनाने पर जोर दिया जाएगा। इसके बाद चरणबद्ध तरीके से बसों की संख्या बढ़ाने की योजना है। सरकार का लक्ष्य आने वाले वर्षों में प्रदेश में बड़े स्तर पर सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क तैयार करना है।

Mp Parivahan: गांवों तक पहुंचेगी परिवहन सेवा

सुगम परिवहन सेवा का फोकस केवल बड़े शहरों तक सीमित नहीं रहेगा। योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों को भी बेहतर बस कनेक्टिविटी से जोड़ने की तैयारी है। इससे गांवों से शहरों तक आने-जाने वाले यात्रियों, विद्यार्थियों, कर्मचारियों और अन्य लोगों को सार्वजनिक परिवहन का विकल्प मिलने की उम्मीद है।

2031 तक 15 हजार बसों का लक्ष्य

प्रदेश में परिवहन व्यवस्था को व्यापक बनाने के लिए लंबे समय का लक्ष्य भी तय किया गया है। सरकार की योजना वर्ष 2031 तक करीब 15 हजार बसों के नेटवर्क तक पहुंचने की है। इसके साथ आधुनिक सुविधाओं और यात्रियों की सुरक्षा पर भी ध्यान दिया जाएगा। GPS जैसी तकनीक और सुरक्षा से जुड़ी सुविधाओं को बस सेवा का हिस्सा बनाया जा रहा है। इस तरह सुगम परिवहन सेवा को प्रदेश की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था के विस्तार की आधारशिला के तौर पर विकसित करने की तैयारी है।

 

ये भी पढ़ें…ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग क्यों उठ रही? SIR और चुनाव आयोग के विवाद की पूरी कहानी