New Delhi: यदि आपसे कोई किसी तरह की मदद मांगता है या कहीं का रास्ता पूछता है, तो एक इंसान होने के नाते आप उसकी मदद करेंगे ही, उसे रास्ता भी बताएंगे, लेकिन ध्यान रखें कि इस बहाने कहीं आप ठगी का शिकार तो नहीं हो रहे हैं। थोड़ा सावधानी रखें, मदद और पूछताछ के बहाने कोई आपका ध्यान भटकाकर आपका सामान चोरी कर सकता है या आपको ठग सकता है।दिल्ली पुलिस ने ठगी करने वाले एक ऐसे ही गैंग का पर्दाफाश किया है।
गाडियों को रुकवाते और फिर ठग लेते
दिल्ली कैंट पुलिस ने चोरी के एक मामले में शामिल मदनगीर के रहने वाले 24 वर्षीय आरोपी कुणाल को गिरफ्तार किया है।कुणाल अपने साथियों के साथ मिलकर, मदद मांगने के बहाने गाड़ियों को रुकवाता था और ड्राइवरों से कार की खिड़कियां खोलने के लिए कहता था। जैसे ही कार की खिड़कियां खुलती थीं, आरोपियों में से एक पीड़ित का ध्यान भटकाता था, जबकि दूसरा इस मौके का फायदा उठाकर गाड़ी के अंदर रखी कीमती चीजें चुरा लेता था। इसके बाद, वे तुरंत अपनी दोपहिया गाड़ी से मौके से फरार हो जाते थे।
New Delhi: चोरी का समान बरामद
कुणाल की निशानदेही पर पुलिस ने चोरी का एक बैग बरामद किया। इस बैग में सोने, हीरे के जेवर, कैनेडियन डॉलर, भारतीय मुद्रा, मोबाइल फोन, पासपोर्ट, परमानेंट रेजिडेंट कार्ड और अपराध में इस्तेमाल की गई एक स्कूटी शामिल थी। दिल्ली कैंट पुलिस ने दीदार सिंह नाम के एक व्यक्ति की शिकायत पर 12 मार्च को ई-एफआईआर दर्ज की थी। शिकायत में बताया गया था कि धौला कुआं, रिंग रोड पर फुट ओवरब्रिज के पास उनकी निजी टैक्सी से एक बैग चोरी हो गया था। उन्होंने बताया कि ओवरब्रिज के पास अपनी गाड़ी रोकी थी। दो अनजान लड़कों ने रास्ता पूछने के बहाने गाड़ी से बैग निकाल लिया और स्कूटी से फरार हो गए।
New Delhi: रिंग रोड के आस-पास करते थे ठगी
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान, पुलिस टीम ने रिंग रोड, रिज रोड, टोडापुर और इंद्रपुरी इलाकों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। स्थानीय जानकारी और तकनीकी विश्लेषण की मदद से आरोपी कुणाल की पहचान हुई और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस के मुताबिक, ट्रैफिक जाम के दौरान कुणाल और उसके साथी रिंग रोड के आस-पास के इलाकों को निशाना बनाते थे, ताकि वे भीड़भाड़ वाले ट्रैफिक के बीच से अपनी दोपहिया गाड़ी को आसानी से निकालकर भाग सकें। वे जान-बूझकर शहर में उन जगहों को भी निशाना बनाते थे, जहां सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे होते थे।








