Paper Leak Bill 2026: संसद के मानसून सत्र में बुधवार को पेपर लीक के खिलाफ कानून को और सख्त बनाने वाला ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026’ लोकसभा से ध्वनि मत के जरिए पारित हो गया। विधेयक पर मंगलवार को करीब नौ घंटे चर्चा हुई, जबकि बुधवार को विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने लगभग 50 मिनट तक अपनी बात रखी। विपक्ष के हंगामे के बीच सरकार ने विधेयक को पारित करा लिया।
पेपर लीक पर अब सख्त कानून
संशोधन विधेयक के तहत पेपर लीक और परीक्षा में अनुचित साधनों से जुड़े अपराधों के लिए सजा और आर्थिक दंड दोनों बढ़ाए गए हैं। नए प्रावधानों के अनुसार, दोषी पाए जाने पर अधिकतम 10 वर्ष तक की जेल और ₹10 करोड़ तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा। सरकार का कहना है कि इसका उद्देश्य प्रतियोगी परीक्षाओं की पारदर्शिता और विश्वसनीयता सुनिश्चित करना है।
Paper Leak Bill 2026: वंदे मातरम् को मिला कानूनी संरक्षण
उधर, राज्यसभा ने राष्ट्रीय सम्मान अपमान निवारण (संशोधन) विधेयक, 2026 भी पारित कर दिया। इस संशोधन के बाद राष्ट्रगान ‘जन-गण-मन’ की तरह ‘वंदे मातरम्’ को भी कानूनी संरक्षण मिलेगा। नए कानून के तहत वंदे मातरम् का अपमान, अनादर या उसके गायन में बाधा डालना दंडनीय अपराध होगा। इसके लिए तीन वर्ष तक की जेल, जुर्माना या दोनों का प्रावधान किया गया है।
Paper Leak Bill 2026: राहुल गांधी और सरकार के बीच तीखी बहस
विधेयक पर चर्चा के दौरान विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सरकार को परीक्षा प्रणाली और पेपर लीक के मुद्दे पर घेरा। इसके जवाब में केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने आरोप लगाया कि विपक्ष इस मुद्दे पर राजनीति कर रहा है। उन्होंने राहुल गांधी के कुछ बयानों को गैर-जिम्मेदाराना बताते हुए कहा कि सदन में तथ्यों के आधार पर चर्चा होनी चाहिए।
दोनों सदनों की कार्यवाही कल तक स्थगित
लोकसभा और राज्यसभा में दिनभर चली बहस और विधेयकों के पारित होने के बाद दोनों सदनों की कार्यवाही 30 जुलाई सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
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