Om Birla: लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने शुक्रवार को कोटा में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को जनता की शिकायतों का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शासन का उद्देश्य केवल कार्यालयों का संचालन करना नहीं, बल्कि लोगों में यह भरोसा पैदा करना है कि उनकी समस्याएं सुनी और हल की जा रही हैं। कमांड एरिया डेवलपमेंट ऑडिटोरियम में आयोजित इस बैठक में पुलिस प्रशासन, जिला प्रशासन, नगर निगम और कोटा विकास प्राधिकरण के अधिकारी मौजूद रहे।
शिकायत निवारण व्यवस्था को सरल बनाने के निर्देश
बैठक के दौरान ओम बिरला ने सभी विभागों को शिकायत निवारण प्रणाली को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने पर जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि प्रत्येक शिकायत का निर्धारित समय सीमा के भीतर समाधान किया जाए और हर स्तर पर जवाबदेही तय हो। बिरला ने नगर निगम अधिकारियों को जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र सीधे नागरिकों के घर तक पहुंचाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे सभी आवेदनों का निपटारा अधिकतम 48 घंटे में होना चाहिए।
Om Birla: ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष शिविर लगाने पर जोर
लोकसभा अध्यक्ष ने ग्रामीण और दूरदराज के इलाकों में विशेष शिविर आयोजित करने की आवश्यकता बताई। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों की पहचान की जाए जो अभी तक सरकारी दस्तावेजों और योजनाओं के लाभ से वंचित हैं। खासकर खानाबदोश समुदायों तक सरकारी सुविधाएं पहुंचाने के लिए विशेष प्रयास करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा कैथून सहित कई क्षेत्रों में नगर निगम के उप कार्यालय खोलने की बात भी कही गई, ताकि लोगों को स्थानीय स्तर पर ही सुविधाएं मिल सकें।
अतिक्रमण और नागरिक सुविधाओं पर सख्त निर्देश
ओम बिरला ने कोटा विकास प्राधिकरण के कार्यों की समीक्षा करते हुए अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए विशेष गश्ती दल गठित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्वच्छता, जल निकासी और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने को कहा। बिरला ने अधिकारियों से कहा कि नागरिकों की समस्याओं के समाधान के लिए नियमित निरीक्षण किए जाएं और शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई हो।
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