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New Delhi: अन्ना ने ‘आप’ नेतृत्व पर उठाये सवाल, बोले-अगर पार्टी सही काम कर रही होती तो नेता साथ न छोड़ते

New Delhi: अन्ना ने 'आप' नेतृत्व पर उठाये सवाल, बोले-अगर पार्टी सही काम कर रही होती तो नेता साथ न छोड़ते
New Delhi: आम आदमी पार्टी (आप) के राज्यसभा सदस्य राघव चड्ढा समेत अन्य सांसदों द्वारा पार्टी से इस्तीफा देने पर सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे की प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में किसी भी नेता को यह अधिकार है कि वह अपनी पसंद के अनुसार किसी भी राजनीतिक दल में जाए या वहां से अलग हो जाए।
हालांकि, हजारे ने साथ ही इस तरह के फैसलों के पीछे के कारणों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने संकेत दिया कि यदि कोई नेता अपनी पार्टी छोड़ता है, तो इसके पीछे जरूर कुछ आंतरिक समस्याएं या असंतोष हो सकता है। उनके अनुसार, “अगर पार्टी सही तरीके से काम कर रही होती तो शायद नेता उसे छोड़ने का फैसला नहीं करते।”

भाजपा नेताओं ने भी बोला हमला

इस घटनाक्रम पर भाजपा नेताओं ने आम आदमी पार्टी पर तीखे हमले किए हैं। केंद्रीय राज्य मंत्री एसपी सिंह बघेल ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी आजादी के बाद सबसे कम समय में भ्रष्टाचार के मामलों में सबसे अधिक लिप्त रहने वाली पार्टी बन गई है।
भाजपा सांसद कमलजीत सहरावत ने कहा कि 2013-14 के आसपास बनी आम आदमी पार्टी के कई संस्थापक सदस्य और कार्यकर्ता समय-समय पर पार्टी छोड़ते रहे हैं। उन्होंने पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनकी कार्यशैली से असंतोष बढ़ा है।
भाजपा नेता आरपी सिंह ने भी इसी तरह के आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी पार्टी में लोग असंतुष्ट हैं और यह अभी से नहीं है। चाहे योगेंद्र यादव हों, शाजिया इल्मी हों, प्रशांत भूषण हों या कुमार विश्वास हों, कई सारे लोग आम आदमी पार्टी छोड़ चुके हैं। स्पष्ट है कि उनकी (अरविंद केजरीवाल) पार्टी में लोग उनके कार्यों से नाराज हैं।”

New Delhi: आप में सबकुछ ठीक नहीं

भाजपा पंजाब के कार्यकारी अध्यक्ष अश्विनी शर्मा ने कहा, “अरविंद केजरीवाल को अपने नेतृत्व के तरीके पर विचार करना होगा। आम आदमी पार्टी, जो कभी एक वैकल्पिक शक्ति बनने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ी थी, अब अपने उस मूल लक्ष्य से भटक गई है। यह उसी बदलाव का नतीजा है। वे लोकतंत्र की बात करते हैं, लेकिन पार्टी के भीतर कोई आंतरिक लोकतंत्र नहीं है। अगर वे लोग जो पार्टी में शामिल हुए थे और कभी केजरीवाल के करीबी सहयोगी थे, अब पार्टी छोड़ रहे हैं तो इससे पता चलता है कि संगठन के भीतर सबकुछ ठीक से नहीं चल रहा है।”

New Delhi: सांसदों का स्वागत

उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा, “राघव चड्ढा और उनके साथ आए सभी सांसदों का मैं स्वागत करता हूं। उन्होंने सही समय पर सही निर्णय लिया है। आप का गठन जिन उद्देश्यों के लिए हुआ था, वह उसकी पूर्ति नहीं कर पाए।”
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