पश्चिम बंगाल में वोटर लिस्ट विवाद पर सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई, ममता बनर्जी ने दी सीधी चुनौती

मतदाता सूची विवाद पर सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई

पश्चिम बंगाल में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर कई याचिकाएं सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई हैं। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस प्रक्रिया की वैधता पर सवाल उठाते हुए चुनाव आयोग पर राजनीतिक पक्षपात और मनमानी का आरोप लगाया है। इस मामले की सुनवाई सर्वोच्च न्यायालय में की जा रही है।

सुप्रीम कोर्ट में SIR प्रक्रिया पर सुनवाई, ममता बनर्जी के मौजूद रहने की संभावना

फिलहाल ममता बनर्जी दिल्ली में हैं और उनकी सुरक्षा टीम ने सुप्रीम कोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था से भी संपर्क किया है। इस मुद्दे को लेकर सोमवार को ममता बनर्जी की मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के साथ बैठक हुई थी, लेकिन वह बैठक बीच में ही छोड़कर बाहर निकल गई थीं।

मतदाता सूची मामले में चुनाव आयोग का फैसला, पश्चिम बंगाल राज्य सरकार की अपील खारिज

मतदाता सूची विवाद पर आयोग सख्त

चुनाव आयोग ने मतदाता सूची से जुड़ी कथित गड़बड़ी के मामले में पश्चिम बंगाल सरकार की अपील को खारिज कर दिया है। आयोग ने दो विधानसभा क्षेत्रों से जुड़े चार चुनावी अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के पहले दिए गए आदेश को बरकरार रखा है। इस फैसले के बाद राज्य प्रशासन को आगे की कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

गंगासागर के निमाई महाराज को SIR नोटिस, मतदाता सूची से नाम हटाने के आरोप पर नाराज़गी

गंगासागर स्थित भारत सेवाश्रम संघ के प्रभारी महाराज श्री जितात्मा नंद महाराज, जो ‘निमाई महाराज’ के नाम से अधिक परिचित हैं, को हाल ही में निर्वाचन आयोग की ओर से एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) प्रक्रिया के तहत सुनवाई का नोटिस भेजा गया है। महाराज ने स्पष्ट किया कि यदि निर्वाचन आयोग उनका नाम मतदाता सूची से हटाता है, तो वे सुप्रीम कोर्ट का दरवाज़ा खटखटाएंगे।

मतदाता सूची में नाम साबित करने की मजबूरी, सुनवाई केंद्र तक पहुंची 75 वर्षीय बीमार बुजुर्ग महिला

मतदाता सूची में अपना अस्तित्व साबित करने के लिए लोगों को सुनवाई केंद्रों तक पहुंचना पड़ रहा है। इसी बीच दुर्गापुर से एक ऐसा मामला सामने आया है। वहीं भाजपा के तीन नंबर मंडल अध्यक्ष बुद्धदेव मंडल ने कहा कि चुनाव आयोग पहले ही स्पष्ट कर चुका है कि शारीरिक रूप से अक्षम मतदाताओं की सुनवाई उनके घर जाकर की जाएगी।

West Bengal News: जिंदा व्यक्ति को सरकारी सूची में बताया मृत, सच जानने खुद पहुंचा नगरपालिका

जिंदा आदमी निकला “मृत”

पूर्व बर्धमान के कालना नगरपालिका क्षेत्र में SIR Error के चलते एक जीवित व्यक्ति का नाम मतदाता सूची में मृत घोषित कर दिया गया। इस घटना ने प्रशासनिक लापरवाही, एन्यूमरेशन प्रक्रिया और चुनावी पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले की जांच का आश्वासन प्रशासन की ओर से दिया गया है।

Voter List: अल्पसंख्यक समुदाय का कोलकाता में विरोध, क्यों हटाए जा रहे हैं चुनिंदा नाम?

अल्पसंख्यक समुदाय ने जताया विरोध

मतदाता सूची से अल्पसंख्यक समुदाय के नाम हटाने के आरोप के विरोध में तृणमूल समर्थित बुद्धिजीवी मंच ने कोलकाता में सभा का आयोजन किया।

घाटल का बूथ 148: मृत मतदानकर्ताओं की संख्या शून्य होने से प्रशासन में हंगामा

घाटल बूथ 148 में मृत मतदाता नहीं मिलने पर प्रशासनिक जांच

चंद्रकोणा बूथ 148 में कोई मृत मतदाता नहीं पाया गया; सक्रिय बीएलओ ने समय पर नामावली अपडेट कर स्थिति को सही रखा।

बंगाल एसआईआर: 46 लाख से ज्यादा नाम मतदाता सूची से हटाने हेतु चिन्हित

Bengal Voter List Removal: मतदाता सूची से 46 लाख नाम चिन्हित

Bengal Voter List: कोलकाता, 3 दिसंबर । भारतीय निर्वाचन आयोग (ईसीआई) की ओर से 4 नवंबर से शुरू हुए विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में गणना प्रपत्र के डिजिटलीकरण के दौरान पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची से हटाए जाने के लिए 46 लाख से ज्यादा नामों की पहचान की जा चुकी है। मंगलवार शाम तक पूरे … Read more

MP SIR news: मध्य प्रदेश, दतिया SIR में हुई बड़ी चूक, BJP-RSS से जुड़े लोग बन गए BLO सहयोगी

MP NEWS

MP SIR news: मध्य प्रदेश के दतिया जिले में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान सोमवार को एक बड़ी गलती सामने आई। कुछ ऐसे लोग, जो BJP और RSS से जुड़े हुए हैं, गलती से बूथ स्तरीय अधिकारियों (BLO) के सहयोगी के रूप में सूचीबद्ध हो गए। दतिया प्रशासन ने इस गलती … Read more